न्यायालयीन महकमे में हड़कंप की स्थिति बन गई है और मामला वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंच गया है। …और पढ़ें

HighLights
- कैमरे में कैद हुई घूसखोरी
- स्वेटर से खुला पुराना राज
- सुविधा शुल्क की पुरानी परंपरा
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। जिला एवं सत्र न्यायालय ग्वालियर के एक कोर्ट रूम से जुड़ा वीडियो इन दिनों इंटरनेट मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में कोर्ट के बाबू कुलदीप बंसल किसी वकील या पक्षकार से पैसे लेते नजर आ रहे हैं।
न्यायालयीन महकमे में हड़कंप
इस वीडियो में दिखाई दे रहा है कि कोर्ट रूम के भीतर एक व्यक्ति चुपचाप फाइल के अंदर नोट रख देता है, जो बाबू कुलदीप बंसल की टेबल पर मौजूद होती है। कुछ ही सेकंड बाद कुलदीप बंसल फाइल के भीतर से नोट निकालते हैं और मुस्कुराते हुए उसे जेब में रख लेते हैं। पूरा घटनाक्रम बेहद सामान्य अंदाज में होता दिख रहा है, मानो यह कोई नई बात न हो। वीडियो सामने आने के बाद न्यायालयीन महकमे में हड़कंप की स्थिति बन गई है और मामला वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंच गया है।
कुछ महीने पुराना है वीडियो
बताया जा रहा है कि यह वीडियो कुछ महीने पुराना है। वीडियो में बाबू स्वेटर पहने दिखाई दे रहे हैं, जिसके आधार पर अनुमान लगाया जा रहा है कि यह जनवरी या फरवरी के दौरान रिकार्ड किया गया होगा। हालांकि वीडियो किसने बनाया और सबसे पहले किसने वायरल किया, यह अभी स्पष्ट नहीं हो सका है।
इस कारण से लगता है फाइल का नेग
वीडियो के सामने आने के बाद जिला न्यायालय परिसर में चर्चाएं तेज हो गई हैं। अधिवक्ताओं के बीच भी इसे लेकर तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कई अधिवक्ताओं का कहना है कि यह पहली बार नहीं है, कोर्ट में फाइल आगे बढ़ाने, कापी निकलवाने, तारीख चढ़ाने या अन्य प्रक्रियाओं के नाम पर “नेग” लेने की संस्कृति लंबे समय से चल रही है। उनका कहना है कि यह कोई एक व्यक्ति तक सीमित मामला नहीं है, बल्कि व्यवस्था का हिस्सा बन चुका है। कुछ अधिवक्ताओं ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि अदालतों में काम कराने के लिए “सुविधा शुल्क” के नाम पर रकम मांगना आम बात हो चुकी है। जिसे हमें मजबूरन देना होता है।
