मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भोपाल और इंदौर मेट्रो रेल परियोजनाओं के आगामी चरणों के कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण किए जाएं। उन्होंने कहा कि मेट्रो रेल सघन आबादी वाले क्षेत्रों और कामकाजी नागरिकों के लिए सुगम, सुरक्षित और आधुनिक परिवहन का प्रभावी माध्यम है। मेट्रो में यात्रियों की संख्या बढ़ाने के लिए पर्यटन विभाग का भी सहयोग लिया जाए, ताकि पर्यटन और शैक्षणिक गतिविधियों को मेट्रो से जोड़ा जा सके। मुख्यमंत्री यादव ने गुरुवार को मंत्रालय में भोपाल और इंदौर मेट्रो रेल परियोजनाओं की समीक्षा बैठक में यह निर्देश दिए। बैठक में नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी, मुख्य सचिव अनुराग जैन सहित संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। 

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मुख्यमंत्री ने कहा कि भोपाल और इंदौर तेजी से मेट्रोपॉलिटन शहरों के रूप में विकसित हो रहे हैं। ऐसे में प्रमुख धार्मिक स्थलों, पर्यटन केंद्रों, पुरातात्विक धरोहरों, टाइगर रिजर्व और अभयारण्यों की यात्राओं को मेट्रो से जोड़ने की दिशा में प्रयास किए जाएं। उन्होंने विद्यार्थियों की अध्ययन यात्राओं में भी मेट्रो को शामिल करने का सुझाव दिया। इस कार्य में पर्यटन विभाग और मध्यप्रदेश विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद (मेपकास्ट) की महत्वपूर्ण भूमिका हो सकती है। 

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बैठक में बताया गया कि भोपाल और इंदौर मेट्रो परियोजनाओं के कुल कार्यों में लगभग दो-तिहाई प्रगति हो चुकी है। भोपाल मेट्रो के प्रथम चरण में सुभाष नगर से एम्स तक 7.1 किलोमीटर लंबे मार्ग पर दिसंबर 2025 से संचालन शुरू हो चुका है। इस कॉरिडोर में आठ एलिवेटेड स्टेशन बनाए गए हैं। दूसरे चरण में सुभाष नगर से करोंद चौराहा तक 9.64 किलोमीटर लंबे सेक्शन का निर्माण कार्य जारी है, जिसे जून 2028 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इस मार्ग पर छह एलिवेटेड और दो भूमिगत स्टेशन बनाए जाएंगे। 

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इंदौर मेट्रो परियोजना के प्रथम चरण में गांधी नगर से सुपर कॉरिडोर-3 तक 5.26 किलोमीटर लंबे सेक्शन का शुभारंभ मई 2025 में किया जा चुका है। सुपर कॉरिडोर-3 से मालवीय नगर चौराहे तक 11.43 किलोमीटर लंबे सेक्शन का कार्य लगभग पूर्ण हो चुका है। इसके अलावा परियोजना के अन्य चरणों का निर्माण कार्य भी निर्धारित समय-सीमा के अनुसार जारी है। बैठक में भविष्य में प्रस्तावित फ्लाईओवर, सड़क और मेट्रो परियोजनाओं के समन्वित विकास पर भी चर्चा की गई। मुख्यमंत्री ने सभी कार्यों को गति देने और समय पर पूरा करने के निर्देश दिए।



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