घटना के बाद आरपीएफ ने आरोपी के खिलाफ रेलवे अधिनियम के अंतर्गत मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।

HighLights
- खुद को हाई कोर्ट का वकील बताकर एएसआई से गाली-गलौज
- प्लेटफार्म पर टिकट चेक कर रहे स्टाफ से भी की युवक ने धक्का-मुक्की
- प्लेटफार्म पर टिकट चेक कर रहे स्टाफ से भी की युवक ने धक्का-मुक्की
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। रेलवे स्टेशन के सर्कुलेटिंग एरिया में वीआईपी गेट के नो पार्किंग क्षेत्र में वाहन खड़ा करने से रोकने पर चालक ने आरपीएफ के सहायक उप निरीक्षक (ASI) को वर्दी उतरवाने की धमकी दे दी। इसके अलावा गाली-गलौज भी की। घटना के बाद आरपीएफ ने आरोपी के खिलाफ रेलवे अधिनियम के अंतर्गत मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
सुबह 10:35 बजे का है मामला
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को आरपीएफ एएसआई अशोक सिंह भदौरिया सर्कुलेटिंग एरिया और वीआइपी गेट पर तैनात थे।इइसी दौरान सुबह करीब 10:35 बजे एक व्यक्ति ने अपना दोपहिया वाहन अनाधिकृत रूप से वीआईपी गेट के नो पार्किंग क्षेत्र में खड़ा कर दिया। ड्यूटी पर तैनात एएसआई ने जब उसे वाहन हटाने के लिए कहा तो वाहन स्वामी मौके पर बहस करने लगा।
कोर्ट में घसीटने की दी धमकी
समझाइश के बाद वह वहां से चला गया, लेकिन कुछ देर बाद दोबारा लौटकर उसने हंगामा शुरू कर दिया। व्यक्ति ने एएसआई के साथ गाली-गलौज करते हुए वर्दी उतरवाने की धमकी दी। उसने खुद को हाई कोर्ट का वकील बताते हुए कहा कि उसका नाम धर्मेंद्र जैन है और वह उन्हें कोर्ट में घसीट देगा और पुलिस से शिकायत कर देगा। इसके बाद आरोपी प्लेटफार्म की ओर चला गया, जहां वह अपने साथ आई महिला को ट्रेन में बैठाने लगा।
टिकट जांच कर रहे अमित-उपासना को दिया धक्का
इसी दौरान प्लेटफार्म प्रवेश द्वार पर टिकट जांच कर रहे स्टाफ अमित यादव और उपासना सिंह ने उससे टिकट दिखाने को कहा, लेकिन उसने टिकट जांच कराने से इन्कार कर दिया। उसने दोनों टिकट जांच कर्मियों को धक्का देकर भागने की कोशिश की और दोबारा धमकी दी कि वह रेलवे कर्मचारियों के खिलाफ शिकायत करेगा और सभी को कोर्ट में खड़ा कर देगा। इसके बाद वह मौके से चला गया। घटना के बाद आरपीएफ पोस्ट में रेलवे अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई है।
