मुख्यमंत्री मोहन यादव शनिवार से बैतूल जिले के दो दिवसीय दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वे हिल स्टेशन कुकरू पहुंचकर ग्रामीणों के बीच रात्रि चौपाल लगाएंगे और उनसे सीधा संवाद करेंगे। मुख्यमंत्री स्थानीय विकास कार्यों की जानकारी लेने के साथ ग्रामीणों की समस्याएं भी सुनेंगे। मुख्यमंत्री शनिवार शाम 6:30 बजे कुकरू के सनसेट पॉइंट का अवलोकन करेंगे। इसके बाद ग्राम पंचायत कुकरू में आयोजित रात्रि चौपाल में शामिल होकर ग्रामीणों से चर्चा करेंगे। रात्रि चौपाल के बाद वे सांस्कृतिक कार्यक्रम में भी हिस्सा लेंगे।
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दौरे के दूसरे दिन 28 जून को मुख्यमंत्री सुबह 6:30 बजे सनराइज और बुच प्वाइंट पर मेडिटेशन करेंगे। इसके बाद स्व-सहायता समूह की महिलाओं द्वारा संचालित गतिविधियों का अवलोकन करेंगे। सुबह 7:30 बजे पौधरोपण कार्यक्रम में भाग लेने के बाद कॉफी प्लांटेशन का निरीक्षण करेंगे। मुख्यमंत्री सुबह 10 बजे स्थानीय जनप्रतिनिधियों से संवाद करेंगे और 11 बजे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के सामूहिक श्रवण में शामिल होंगे। इसके बाद दोपहर 12 बजे कुकरू रेस्ट हाउस से हेलीपैड के लिए रवाना होंगे और 12:10 बजे भोपाल के लिए प्रस्थान करेंगे।
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कुकरू… जहां प्रकृति, संस्कृति और खेती मिलकर बनाती हैं खास पहचान
बता दें बैतूल जिले के भैंसदेही क्षेत्र में सतपुड़ा की वादियों के बीच बसा कुकरू मध्य प्रदेश का उभरता हुआ हिल स्टेशन है। प्राकृतिक सौंदर्य, घने जंगल, मनमोहक सनराइज और सनसेट प्वाइंट, ठंडा मौसम और आदिवासी संस्कृति इसे पर्यटन के लिहाज से खास बनाते हैं। कुकरू क्षेत्र कोदो-कुटकी जैसे मोटे अनाज (मिलेट्स), रबड़ी, मावा और डेयरी उत्पादों के लिए भी जाना जाता है। यहां वन संपदा प्रचुर मात्रा में है, जिससे लकड़ी से बने हस्तशिल्प और अन्य उत्पादों की अच्छी संभावनाएं हैं। स्थानीय स्व-सहायता समूह आजीविका गतिविधियों से जुड़े हुए हैं और सरकार इन्हें ‘कुकरू’ ब्रांड के रूप में नई पहचान देने की तैयारी कर रही है। प्रशासन का लक्ष्य कुकरू को केवल पर्यटन स्थल के साथ ही रूरल टूरिज्म, स्थानीय उत्पादों, डेयरी, कृषि और आदिवासी संस्कृति के समन्वित मॉडल के रूप में विकसित करना है। इससे क्षेत्र में रोजगार बढ़ने के साथ स्थानीय लोगों की आय में भी वृद्धि होने की उम्मीद है।
