प्रदेश की राजनीति में जुबानी जंग थमने का नाम नहीं ले रही है। टपोरी, अभिनंदनलाल और दो कौड़ी जैसे शब्द चर्चा में हैं और दोनों दलों के नेता आमने-सामने हैं।रविवार को मुख्यमंत्री ने एक सभा में पटवारी को टपोरी कहा। इसके बाद इंदौर में कांग्रेस नेताओं ने राजवाड़ा चौक पर सद्बुद्धि सभा की। उधर, अब इस मामले में भाजपा नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा की भी एंट्री हो गई है। उन्होंने पटवारी को सिरफिरा बताते हुए अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह को जवाब लिखा।
उन्होंने लिखा कि जब बड़े-बुजुर्ग घर के सिरफिरे लड़के की ऊटपटांग हरकतों का बचाव करने लगें, तो उस घर की हालत कांग्रेस जैसी हो जाती है। उन्होंने लिखा, दिग्विजय सिंह जी, अब आप वानप्रस्थ में हैं। प्रदेश की महिलाओं पर लांछन लगाने वाले सिरफिरे नेता का बचाव मत कीजिए, उन्हें सजा दीजिए।
जो काम पार्टी के वरिष्ठ नेता के नाते आपको करना चाहिए था, वह काम प्रदेश के मुखिया होने के नाते मुख्यमंत्री ने किया है। उन्होंने सिरफिरे जीतू पटवारी को आईना दिखाया है।आपको बता दें कि दिग्विजय सिंह ने अपनी एक पोस्ट में पटवारी को लेकर मुख्यमंत्री द्वारा इस्तेमाल किए गए शब्दों की निंदा करते हुए इसे पूरी कांग्रेस का अपमान बताया। कांग्रेस ने सोमवार को राजवाड़ा पर सद्बुद्धि प्रार्थना की। पहले कांग्रेस ने पुतला दहन की घोषणा की थी, लेकिन बाद में पटवारी ने प्रदर्शन में बदलाव करवा दिया। जिले में भी इस तरह के प्रदर्शन हुए।
