मध्य प्रदेश में मौसम ने अचानक करवट बदलते हुए भीषण गर्मी का रूप ले लिया है। अप्रैल के दूसरे पखवाड़े में एंट्री के साथ ही तापमान तेजी से उछला है और अब हालात लू जैसे बन गए हैं। शुक्रवार को छतरपुर के खजुराहो में पारा 43.2 डिग्री तक पहुंच गया, जो इस सीजन का अब तक का सबसे ज्यादा तापमान है। खास बात यह रही कि जबलपुर जैसे शहर ने भोपाल और इंदौर को भी पीछे छोड़ते हुए ज्यादा गर्मी दर्ज की। प्रदेश के कई हिस्सों में तापमान 42 डिग्री से ऊपर पहुंच चुका है। खजुराहो के बाद उमरिया (42.9), टीकमगढ़-नौगांव (42.8), मंडला (42.5), दमोह, गुना और दतिया (42.2) जैसे शहर भी भीषण गर्मी की चपेट में रहे। वहीं बड़े शहरों में जबलपुर सबसे गर्म रहा, जहां तापमान 42 डिग्री दर्ज हुआ। भोपाल और ग्वालियर 41.3 डिग्री, इंदौर 40.6 और उज्जैन 40.5 डिग्री पर रहे।
16 जिलों में लू का अलर्ट
मौसम विभाग ने शनिवार के लिए 16 जिलों में हीट वेव का अलर्ट जारी किया है। इनमें अलीराजपुर, झाबुआ, रतलाम, धार, रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना समेत कई जिले शामिल हैं। आने वाले 2-3 दिनों में तापमान और बढ़ने की आशंका जताई गई है, जिससे लू का असर और तेज हो सकता है।
स्कूल टाइमिंग बदली, बच्चों की सेहत को लेकर प्रशासन सख्त
तेज गर्मी और धूप के चलते बच्चों की सेहत पर खतरा बढ़ गया था। इसी को देखते हुए कई जिलों में स्कूलों का समय बदल दिया गया है। राजधानी भोपाल में अब स्कूल सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक ही लगेंगे। इसके अलावा ग्वालियर, नर्मदापुरम, छिंदवाड़ा, रायसेन, बालाघाट, अनूपपुर और उमरिया समेत कई जिलों में भी नई टाइमिंग लागू कर दी गई है।
बारिश से सीधे लू तक का सफर
इस बार अप्रैल की शुरुआत में मौसम अलग ही मिजाज में था। 1 से 9 अप्रैल तक प्रदेश में आंधी, बारिश और ओलावृष्टि का दौर चलता रहा। करीब 45 जिलों में बारिश दर्ज की गई, जबकि 15 से ज्यादा जिलों में ओले गिरे। लेकिन अब दूसरे पखवाड़े में मौसम ने पूरी तरह पलटी मार दी है और तेज गर्मी ने अपना असली रंग दिखाना शुरू कर दिया है।
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गर्मी से बचाव जरूरी: ये सावधानियां अपनाएं
– दिनभर पर्याप्त पानी पीते रहें
– दोपहर की तेज धूप से बचें
– हल्के और सूती कपड़े पहनें
– बच्चों और बुजुर्गों का खास ध्यान रखें
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आगे क्या?
मौसम विभाग के अनुसार अप्रैल और मई ही सबसे ज्यादा गर्मी वाले महीने होते हैं, और अब असली गर्मी की शुरुआत हो चुकी है। आने वाले दिनों में पारा और ऊपर जा सकता है, जिससे हालात और चुनौतीपूर्ण बन सकते हैं।
