ये फर्जी चालान vehicleinfo.app के माध्यम से लोगों को भेजे गए। …और पढ़ें

HighLights
- आईटीएमएस के नाम पर फर्जी मैसेज
- कोर्ट केस और जेल भेजने की धमकी देकर की जा रही वसूली
- स्मार्ट सिटी के आईटीएम पहुंचे वाहन चालक, तो उजागर हुआ मामला
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। साइबर ठगों ने भोले-भाले लोगों को ठगने का अब नया तरीका ढूंढ निकाला है। ग्वालियर स्मार्ट सिटी कार्पोरेशन के इंटेलीजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम के प्रतिनिधि बनकर ये साइबर ठग लोगों के मोबाइल पर फर्जी ई-चालान भेज रहे हैं, जिसमें चालानी राशि के साथ ही गुड्स एंड सर्विस टैक्स (जीएसटी) तथा लीगल फीस जोड़कर भेजी जा रही है।
चालान जमा न करने की स्थिति में लोगों को कोर्ट केस और जेल भेजने की धमकी भी दी जा रही है। हाल ही में ऐसे ही चालान प्राप्त करने वाले कुछ वाहन चालकों ने जब आइटीएमएस में संपर्क किया, तो मामला उजागर हुआ। इसके बाद वाहन चालकों को समझाया गया कि ये फर्जी चालान हैं।
जानकारी के मुताबिक ये फर्जी चालान vehicleinfo.app के माध्यम से लोगों को भेजे गए। इसमें 500 रुपये के चालान के साथ ही जीएसटी और लीगस फीस जोड़कर चालानी राशि 1500 रुपये से अधिक बताई जा रही है। इस मामले में आइटीएमएस प्रभारी राहुल शर्मा ने बताया कि आइटीएमएस से जो चालान जनरेट होते हैं, वो नेशनल इंफार्मेटिक्स सेंटर (एनआइसी) के पास पहुंचते हैं।
ये चालान echallan.parivahan.gov.in के माध्यम से जारी किए जाते हैं और इसी पोर्टल पर चालान की राशि जमा की जाती है। इसमें कोई भी अतिरिक्त फीस नहीं लगी होती है और वाहन का नियम तोड़ते हुए फोटो भी होता है। ऐसे में साइबर ठगों के झांसे में आने के बजाय यदि कोई भी ऐसा चालान प्राप्त होता है, तो आइटीएमएस से संपर्क किया जा सकता है।
