मध्यप्रदेश कांग्रेस ने आगामी चुनावी चुनौतियों को देखते हुए संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की बड़ी कवायद शुरू कर दी है। पार्टी अगले डेढ़ से दो महीने के भीतर प्रदेशभर के करीब 13 हजार मंडल अध्यक्षों, 1006 ब्लॉक और नगर अध्यक्षों को विशेष प्रशिक्षण देने जा रही है। इस अभियान के जरिए कांग्रेस बूथ स्तर तक संगठन को सक्रिय करने और कार्यकर्ताओं को आधुनिक राजनीतिक रणनीतियों से जोड़ने की तैयारी में है। इस बार प्रशिक्षण अभियान की सबसे बड़ी खासियत यह रहेगी कि कार्यकर्ताओं को उनके अपने क्षेत्र के वरिष्ठ नेता ही मार्गदर्शन देंगे। कांग्रेस ने बाहरी वक्ताओं के बजाय स्थानीय नेतृत्व पर भरोसा जताते हुए क्षेत्रीय नेताओं को प्रशिक्षण की जिम्मेदारी सौंपी है। अभियान की शुरुआत 27 और 28 मई को विंध्य क्षेत्र के सीधी और सिंगरौली जिलों से होगी।
अब तकनीक के सहारे चुनावी तैयारी
कांग्रेस ने पहली बार अपने प्रशिक्षण कार्यक्रम में आधुनिक तकनीक और डिजिटल माध्यमों को प्रमुखता दी है। कार्यकर्ताओं को कृत्रिम बुद्धिमत्ता, चैट जीपीटी और सामाजिक माध्यमों के प्रभावी उपयोग की जानकारी दी जाएगी। पार्टी का मानना है कि बदलते राजनीतिक माहौल में डिजिटल प्लेटफॉर्म और तकनीकी समझ चुनावी रणनीति का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुके हैं। प्रशिक्षण में यह भी बताया जाएगा कि सामाजिक माध्यमों पर विपक्ष के प्रचार का जवाब किस तरह प्रभावी तरीके से दिया जाए और संगठन के संदेश को लोगों तक कैसे पहुंचाया जाए।
स्थानीय नेता देंगे जीत का मंत्र
विंध्य क्षेत्र में होने वाले पहले प्रशिक्षण शिविर में क्षेत्र के वरिष्ठ नेता अलग-अलग विषयों पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे। पूर्व मंत्री कमलेश्वर पटेल वर्तमान राजनीतिक परिस्थितियों और कांग्रेस की रणनीति पर चर्चा करेंगे। वहीं पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह राहुल कार्यकर्ताओं को कांग्रेस के इतिहास, आजादी के बाद देश निर्माण में उसकी भूमिका और भाजपा सरकार की नीतियों को जनता तक पहुंचाने के तरीके बताएंगे। राज्यसभा सांसद और वरिष्ठ अधिवक्ता विवेक तन्खा संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा में कांग्रेस की भूमिका पर कार्यकर्ताओं को मार्गदर्शन देंगे।
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बूथ प्रबंधन से लेकर विचारधारा तक होगी तैयारी
प्रशिक्षण शिविर में कार्यकर्ताओं को बूथ और वार्ड स्तर पर संगठन मजबूत करने के तरीके सिखाए जाएंगे। मतदाता सूची, बूथ प्रबंधन और चुनावी रणनीति की बारीकियों पर भी अलग-अलग सत्र आयोजित होंगे। इसके साथ ही कांग्रेस अपनी विचारधारा को लेकर भी कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित करेगी। सांप्रदायिक ध्रुवीकरण के खिलाफ सर्वधर्म समभाव और सामाजिक समरसता जैसे मुद्दों पर नेताओं द्वारा विशेष सत्र लिए जाएंगे।
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दूसरे दिन मैदान में उतरेंगे बड़े नेता
हर क्षेत्रीय प्रशिक्षण शिविर के दूसरे दिन प्रदेश कांग्रेस के शीर्ष नेता कार्यकर्ताओं से संवाद करेंगे। विंध्य के कार्यक्रम में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी जातिगत जनगणना, सामाजिक समरसता और राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा के संदेश पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे। प्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी अंतिम सत्र में कांग्रेस की विचारधारा और संगठनात्मक मूल्यों पर चर्चा करते हुए कार्यकर्ताओं में जोश भरेंगे। कांग्रेस इस पूरे अभियान के जरिए आगामी चुनावों से पहले संगठन को बूथ स्तर तक सक्रिय और तकनीकी रूप से मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रही है।
