राजधानी भोपाल में एक इंजीनियरिंग छात्रा के साथ धोखे, शोषण और धमकी का मामला अब बड़ा मुद्दा बन गया है। इस पूरे घटनाक्रम में नया मोड़ तब आया, जब पहली बार एक मुस्लिम संगठन खुलकर पीड़िता के समर्थन में सामने आया और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए सख्त रुख अपनाया। महिला थाना में दर्ज मामले के अनुसार, छात्रा की मुलाकात साल 2023 में एक युवक से हुई, जिसने अपना नाम आशीष पांडे बताया। धीरे-धीरे दोनों के बीच नजदीकी बढ़ी और आरोपी ने शादी का भरोसा दिलाकर संबंध बनाए। बाद में पीड़िता को पता चला कि युवक का असली नाम आसिफ रजा है।
गर्भवती होने पर बदली कहानी
पीड़िता के मुताबिक, जब उसने गर्भवती होने की जानकारी दी और शादी की बात की, तो आरोपी पीछे हट गया। आरोप है कि वह अपने दो साथियों के साथ उसके घर पहुंचा और उसे जान से मारने, एसिड अटैक करने जैसी धमकियां दीं। इसके साथ ही उस पर धर्म बदलने का दबाव भी बनाया गया, जिसे उसने साफ मना कर दिया।
पैसे और दबाव का भी आरोप
छात्रा ने आरोप लगाया कि आरोपी ने रिश्ते के दौरान उससे पैसे लिए और उसे मानसिक रूप से परेशान करता रहा। शादी का झांसा देकर लगातार दबाव और ब्लैकमेल किया गया। 5 मार्च 2026 को मामला दर्ज होने के बावजूद अब तक किसी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। इससे पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं। पीड़िता का कहना है कि उसे अभी भी धमकियां मिल रही हैं और वह डर के माहौल में जी रही है।
यह भी पढ़ें-भोपाल कोर्ट में वकीलों के दो गुट आमने-सामने,चुनावी विवाद ने पकड़ा तूल, आमसभा हंगामे में बदली
मुस्लिम संगठन ने बदला माहौल
ऑल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी ने इस मामले को गंभीर बताते हुए कहा कि आरोपी की हरकत गलत है और उसे सजा मिलनी चाहिए। संगठन ने साफ किया कि इसे पूरे समाज से जोड़ना सही नहीं है, लेकिन पीड़िता को न्याय दिलाना जरूरी है। उन्होंने उसकी कानूनी लड़ाई और पढ़ाई का खर्च उठाने का भी ऐलान किया। संगठन ने सरकार और पुलिस को चेतावनी दी है कि अगर एक सप्ताह में गिरफ्तारी नहीं हुई, तो मुख्यमंत्री निवास का घेराव किया जाएगा। इस चेतावनी के बाद मामले ने और तूल पकड़ लिया है।
पीड़िता बोली- सजा चाहिए, समझौता नहीं
पीड़िता ने कहा कि वह आरोपी से शादी नहीं करना चाहती, बल्कि उसे कड़ी सजा दिलाना चाहती है। उसका आरोप है कि उसे धोखे में रखकर शोषण किया गया और गर्भवती होने पर उसे खत्म करने तक की धमकी दी गई।
यह भी पढ़ें-महिला आरक्षण पर सियासी घमासान की तैयारी,नेताप्रतिपक्ष ने बुलाई कांग्रेस विधायक दल की बैठक
कई धाराओं में केस, जांच जारी
भोपाल पुलिस कमिश्नर संजय कुमार सिंह ने कहा कि मामले की जांच के लिए विशेष टीम गठित कर दी गई है। एक आरोपी भोपाल का है, जबकि दो अन्य बिहार के रहने वाले बताए जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि जल्द गिरफ्तारी की जाएगी। पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता की कई धाराओं और मध्यप्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता कानून के तहत केस दर्ज किया है।
