नगरीय निकाय चुनाव को लेकर कांग्रेस ने अभी से मंथन शुरू कर दिया है। इंदौर के कांग्रेस कार्यालय गांधी भवन में इसकी तैयारियों को लेकर एक बैठक आयोजित की गई। इसमें मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि इंदौर नगर निगम चुनाव में जिन वार्डों में कांग्रेस की ज्यादा अंतर से हार हुई है, उन वार्डों का प्रभारी बड़े नेताओं को बनाया जाएगा। सभी प्रमुख नेताओं को उनके निवास क्षेत्र के बूथों की कमान सौंपी जाएगी।
पटवारी सोमवार को गांधी भवन में कांग्रेस के सभी वार्ड अध्यक्षों, वार्ड प्रभारियों और महिला वार्ड प्रभारियों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि हमें अपने संगठन को वार्ड और बूथ स्तर तक खड़ा करना है। इसके साथ ही मतदाता सूची के हर पन्ने के लिए प्रभारी नियुक्त करना है। हमें हर गली, मोहल्ले और कॉलोनी में लोगों को यह बताना होगा कि क्षेत्र के अपराधी किन लोगों के साथ घूम रहे हैं और उन्हें भाजपा का कौन-सा नेता संरक्षण दे रहा है।
उन्होंने कहा कि इंदौर नगर निगम भ्रष्टाचार का गढ़ बना हुआ है। कार्यकर्ताओं को इस बात पर ध्यान देना होगा कि उनके वार्ड के लिए कौन-कौन से विकास कार्य मंजूर हुए हैं और यह भी जांचना होगा कि वे कार्य सही तरीके से हो रहे हैं या नहीं। यदि कहीं कोई गड़बड़ी हो रही है, तो इसकी जानकारी जनता तक पहुंचानी होगी और यह बताना होगा कि किस तरह भाजपा ने नगर निगम के माध्यम से विकास कार्यों को कमाई का जरिया बना लिया है।
पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने कहा कि हमें संगठन को खड़ा करने के लिए पूरी ताकत लगानी होगी। जब सभी मिलकर प्रयास करेंगे, तभी संगठन बेहतर तरीके से तैयार होगा। सत्यनारायण पटेल ने कहा कि इंदौर के एक वार्ड को कांग्रेस की मजबूती के लिए वे स्वयं गोद लेने को तैयार हैं। उस वार्ड को कांग्रेस के लिए अनुकूल बनाने का काम किया जाएगा।
प्रदेश महिला कांग्रेस की अध्यक्ष रीना बौरासी सेतिया ने कहा कि भाजपा सरकार से आम जनता निराश हो गई है। ऐसे में जनता की उम्मीद कांग्रेस से ही बनी हुई है।इस मौके पर शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे ने इंदौर शहर में कांग्रेस को मजबूत बनाने के लिए किए जा रहे कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि किस तरह कांग्रेस को वार्ड और बूथ स्तर तक मजबूत बनाने के लिए व्यापक अभियान चलाया जा रहा है। बैठक में प्रदेश सचिव राजेश चौकसे, विनय बाकलीवाल, दीपू यादव, राजा चौकसे, पिंटू जोशी, शैलेश गर्ग और अमन बजाज ने अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत की।
