इंदौर में नीट यूजी 2026 की परीक्षा के सुचारू संचालन को लेकर प्रशासनिक तैयारियां अब अपने अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं। आगामी रविवार 21 जून को आयोजित होने वाली इस पुन: परीक्षा को पूरी पारदर्शिता के साथ संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग मुस्तैदी से जुटा हुआ है। इसी सिलसिले में आज सुरक्षा और व्यवस्था संबंधी तैयारियों की जमीनी हकीकत जानने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों ने परीक्षा केंद्रों का दौरा किया।
वरिष्ठ अधिकारियों ने लिया परीक्षा केंद्रों का जायजा
तैयारियों को अंतिम रूप देने के उद्देश्य से पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह और कलेक्टर शिवम वर्मा ने केंद्रीय विद्यालय स्थित परीक्षा केंद्र का बारीकी से निरीक्षण किया। इस दौरान उनके साथ अपर कलेक्टर रोशन राय सहित जिला प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने केंद्र पर परीक्षार्थियों के लिए की जा रही बैठक व्यवस्था, सुरक्षा मानकों और अन्य मूलभूत सुविधाओं की समीक्षा की और आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए।
परीक्षा का समय और परीक्षार्थियों की संख्या
निरीक्षण के दौरान पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह ने सुरक्षा व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि परीक्षा के दौरान सुरक्षा के बेहद कड़े और पुख्ता इंतजाम रहेंगे ताकि किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके। नीट परीक्षा के सफल आयोजन के लिए इंदौर जिले में कुल 57 परीक्षा केंद्र निर्धारित किए गए हैं। इन केंद्रों पर कुल 23,089 परीक्षार्थी शामिल होकर अपनी परीक्षा देंगे। यह परीक्षा दोपहर 2 बजे से शुरू होकर शाम सवा 5 बजे तक संचालित की जाएगी।
परीक्षार्थियों की सुविधाओं के लिए व्यापक इंतजाम
कलेक्टर शिवम वर्मा के कुशल निर्देशन में परीक्षा को पूरी तरह से सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं। कलेक्टर ने कड़े निर्देश जारी किए हैं कि केंद्रों पर ऐसी चाक-चौबंद व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं जिससे कि परीक्षा देने आने वाले विद्यार्थियों को किसी भी प्रकार की मानसिक या शारीरिक परेशानी का सामना न करना पड़े। सभी परीक्षा केंद्रों में भीषण गर्मी को देखते हुए शीतल पेयजल, बैठने के लिए पर्याप्त छाया और निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करने को कहा गया है।
गोपनीयता बनाए रखने और अफवाहों पर सख्ती के निर्देश
कलेक्टर शिवम वर्मा ने अधिकारियों को हिदायत दी है कि परीक्षा की गोपनीयता और सुचिता का हर हाल में पूरा ध्यान रखा जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की गड़बड़ी करने वाले या सोशल मीडिया अथवा अन्य माध्यमों से अपवाह फैलाने वाले तत्वों के विरूद्ध वैधानिक और सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। इसके साथ ही जिला प्रशासन द्वारा दूर-दराज से आने वाले परीक्षार्थियों को परीक्षा केन्द्रों तक सुगमता से पहुंचने के लिए एआईसीटीएसएल की बसों की विशेष सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
सुरक्षा व्यवस्था, यातायात और चिकित्सा सहायता
सभी निर्धारित परीक्षा केन्द्रों पर सुरक्षा के मद्देनजर पर्याप्त संख्या में पुलिस बल मुस्तैद रहेगा। इसके अलावा शहरों की सड़कों पर यातायात की सुगमता और जाम की स्थिति से बचने के लिए भी ट्रैफिक पुलिस द्वारा विशेष व्यवस्था की गई है। आकस्मिक चिकित्सा जरूरतों के लिए सभी परीक्षा केन्द्रों पर मेडिकल स्टॉफ की तैनाती रहेगी तथा प्रत्येक पांच केन्द्रों के क्लस्टर पर एक एम्बुलेंस की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। दिव्यांग परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए केंद्रों पर व्हीलचेयर आदि का प्रबंध रहेगा और बिजली कटौती से निपटने के लिए जनरेटर्स की पर्याप्त व्यवस्था की गई है। परीक्षार्थियों के साथ आने वाले अभिभावकों के लिए केंद्र के बाहर टेंट और पीने के पानी की व्यवस्था की जाएगी।
कंट्रोल रूम और सतत निगरानी
प्रशासन ने परीक्षार्थियों और उनके अभिभावकों से यह विशेष आग्रह किया है कि वे परीक्षा के संबंध में किसी भी प्रकार की भ्रामक जानकारी और सोशल मीडिया पर उड़ने वाली अफवाहों पर कतई ध्यान नहीं दें। जिला प्रशासन द्वारा सभी परीक्षा केन्द्रों पर सुरक्षा और निगरानी के लिए ड्यूटी मजिस्टेट तैनात किये गये हैं। साथ ही उड़नदस्तों द्वारा भी प्रत्येक केन्द्र का समय-समय पर भ्रमण कर सतत निगरानी रखी जाएगी। परीक्षा की तमाम व्यवस्थाओं पर नजर रखने और समन्वय के लिए कलेक्टर कार्यालय के कक्ष क्रमांक 109 में एक विशेष कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है, जिसकी प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी रहेंगी।
