इंदौर के रंगवासा मार्ग पर दो दिन से कुएं में गिरे एक कुत्ते को रहवासियों ने आखिरकार बचा लिया। पहले इसके लिए उन्होंने सरकारी विभागों से गुहार लगाई थी, लेकिन विभागों ने कुत्ते की जान बचाने के बजाय मामले को टाल दिया। आखिरकार ग्रामीणों ने सीढ़ी की व्यवस्था की और 60 फीट गहरे कुएं में उतरकर कुत्ते को निकालकर उसकी जान बचाई। दो दिन से कुएं में फंसा कुत्ता बाहर निकलते ही लंगड़ाते हुए भागा।
रंगवासा मार्ग पर राजलक्ष्मी टाउनशिप के सामने खेत में बिना पाल वाला कुआं है, जिसमें शुक्रवार को एक काले रंग का कुत्ता गिर गया था। रात को वह लगातार भौंकता रहा तो रहवासियों को पता चला कि आवाज खेत में बने कुएं से आ रही है।
सुबह कुछ रहवासियों ने पहले कुत्ते को कुएं में फेंककर खाना दिया। फिर उन्होंने 112 नंबर पर डायल कर मदद मांगी, जहां से ऑपरेटर ने राजेंद्र नगर थाने का नंबर दे दिया, लेकिन मदद नहीं मिली। इसके बाद फायर ब्रिगेड को कॉल किया तो वहां से जवाब मिला कि जानवरों को बचाने का काम नगर निगम का है। नगर निगम कंट्रोल रूम पर फोन लगाकर लोकेशन बताई तो कहा गया कि यह रंगवासा पंचायत क्षेत्र है और नगर निगम सीमा के बाहर का मामला है।
इसके बाद रहवासियों ने खुद ही कुत्ते को बचाने का फैसला लिया। खेत के पास ही एक मल्टी में पुताई का काम चल रहा था। दो रहवासी वहां गए और पुताई के काम में आने वाला रस्सी का झूला थोड़ी देर के लिए मांग लिया। दो रहवासियों ने झूले को पकड़ा और एक युवक कुएं में उतरा। वह अपने साथ एक रस्सी भी ले गया और उसने कुत्ते की कमर को रस्सी से बांधकर धीरे-धीरे ऊपर खींच लिया। कुएं में गिरने के कारण कुत्ते को हल्की चोट भी आई है।
