इंदौर जिले में अथर्व देशमुख ने पीसीएम विषय में पहला और प्रदेश में सातवां स्थान प्राप्त किया है। एरोड्रम क्षेत्र निवासी अथर्व के पिता एक निजी कंपनी में जॉब करते हैं। अथर्व जेईई की तैयारी कर रहे हैं। उन्होंने 12वीं की परीक्षा के लिए अलग से कोई ट्यूशन नहीं लगाई, बल्कि सेल्फ स्टडी से ही सफलता पाई।
अथर्व कहते हैं कि मैं रोज दस से बारह घंटे पढ़ाई करता था और सोशल मीडिया से दूरी बनाई थी, क्योंकि सोशल मीडिया के कारण वक्त काफी बर्बाद होता है। वे कहते हैं कि मुझे केमिस्ट्री विषय ज्यादा कठिन लगता था, इसलिए उसे मैं ज्यादा समय देता था। जहां परेशानी आती थी, उसे बार-बार पढ़ता था।
अथर्व ने कहा कि मेरी सफलता के पीछे मेरे माता-पिता और गुरुजनों का हाथ है। अथर्व ने कहा कि पढ़ाई के अलावा मैं दोस्तों के साथ खेलने के लिए भी समय निकालता था। कभी-कभी उनके साथ मैं क्रिकेट खेलने चला जाता था। मुझे उम्मीद तो थी कि अच्छे नंबर आएंगे, लेकिन 97 प्रतिशत की उम्मीद नहीं की थी।
इंदौर जिले का हाई स्कूल परिणाम 74 प्रतिशत रहा
इंदौर जिले में हाईस्कूल का परिणाम 74.51 प्रतिशत रहा, जबकि आसपास के जिलों का परीक्षा परिणाम ज्यादा बेहतर रहा। दसवीं के परीक्षा परिणाम में राजेंद्र नगर के कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की छात्रा कृष्णा खाजेकर मेरिट में प्रथम रही। राज्य मेरिट में वे नौवें स्थान पर रही हैं।
