जल्द ही भाजपा सरकार के मंत्रियों, विधायकों और सांसदों को अपने क्षेत्र में कार्यकर्ताओं से मिलने के लिए दिन तय करना होंगे। ये मध्यप्रदेश भाजपा के अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के कहने पर हो रहा है। अभी तक मंत्रियों की भोपाल के पार्टी मुख्यालय में ड्यूटी लगाई जा रही है, लेकिन अब इन्ही मंत्रियों को अपने निर्वाचन क्षेत्र के कार्यालयों में भी उपलब्धता का दिन तय करना होगा। यही नियम भाजपा विधायकों-सांसदों पर भी लागू होगा। खुद खंडेलवाल ने कहा है कि यह कदम इसलिए जरूरी है ताकि कार्यकर्ताओं और जनप्रतिनिधियों के बीच दूरी कम हो और संवाद बेहतर हो सके। तो क्या यह संवाद कम हो रहा है और दूरी बढ़ रही है?

”शेर” को लेकर चर्चा में वरिष्ठ आईएएस

2001 बैच के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी पी नरहरि ने गुरुवार को एक शेर पोस्ट किया। यह शेर प्रसिद्ध शायर वसीम बरेलवी का है। शेर कुछ यूं है: ”जिस जमीं पर मैं खड़ा हूं वह मेरी पहचान है, आप आंधी हैं तो क्या मुझको उड़ा ले जाएंगे”। इस शेर को लेकर लोग अपनी तरह से अलग-अलग कमेंट भी कर रहे हैं। दरअसल लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग में प्रमुख सचिव नरहरि केंद्र सरकार में प्रतिनियुक्ति पर जाने के इच्छुक हैं, लेकिन पता चला है कि सरकार ने कुछ मामलों को लेकर इसे रोक रखा है। सियासी और प्रशासनिक गलियारों में यह चर्चा है कि नरहरि ने शायद इसी बात को दिलों दिमाग में रख इस शेर को पोस्ट कर अपनी पीड़ा को दर्शाने के साथ ही यह भी बताने की कोशिश की है कि उन्हें कमतर ना आंका जाए।

भाजयुमो की कार्यकारिणी से सिंधिया और समर्थक नाराज

मध्य प्रदेश भारतीय जनता युवा मोर्चे की नई प्रदेश कार्यकारिणी को लेकर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और उनके समर्थक नाराज बताए जा रहे हैं। बताया गया है कि सिंधिया के क्षेत्र गुना-शिवपुरी से इसमें किसी को भी शामिल नहीं किया गया है। धार जिले के बदनावर से जय सूर्या को उपाध्यक्ष जैसा महत्वपूर्ण पद देने से सिंधिया के खास समर्थक पूर्व मंत्री राज्यवर्धन सिंह भारी नाराज बताए जा रहे हैं। इतना ही नहीं वे खुलकर जय के खिलाफ आ गए हैं। राज्यवर्धन सिंह ने यहां तक कह दिया कि इंदौर के एक वाइट कॉलर नेता की सिफारिश पर यह नियुक्ति हुई है। उन्होंने साफ कहा कि यह गलत नियुक्ति हुई है।

मनीष सिंह के केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर जाने की चर्चा

भारतीय प्रशासनिक सेवा में 1997 बैच के वरिष्ठ अधिकारी मनीष सिंह के केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर जाने की चर्चा चल रही है। जानकारी के अनुसार मनीष सिंह ने इसके लिए आवेदन किया है। माना जा रहा है कि कभी भी केंद्र सरकार अनुमति दे सकती है। मनीष सिंह मध्य प्रदेश शासन में तकनीकी शिक्षा और स्किल डेवलपमेंट विभाग के साथ ही खेल और युवा कल्याण विभाग के भी प्रमुख सचिव हैं।

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