बीएसएफ इंस्पेक्टर को घटना का पता उस समय चला जब 18 जून की सुबह आठ बजे उन्होंने अपना मोबाइल चेक किया तो पता चला कि उनके खाते से रुपये निकाले गए है और उस…और पढ़ें

HighLights
- नींद खुलते ही मोबाइल पर मिले 11 एसएमएस
- तीन अलग-अलग बैंकों के कार्ड्स से सेंधमारी
- न कॉल आया न मैसेज, मोबाइल हुआ हैक
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। बीएसएफ की टेकनपुर स्थित अकादमी में पदस्थ निरीक्षक से 3.10 लाख रुपये की साइबर ठगी का मामला सामने आया है। उनके मोबाइल को हैक कर इंटरनेट बैंकिंग में सेंध लगाकर शामिल ठगों ने तीन बैंक के क्रेडिट कार्ड से 3.10 लाख रुपये निकाल लिए। उन्हें पता तब लगा, जब सुबह नींद खुली और उनके मोबाइल पर रुपये निकलने के 11 एसएमएस पड़े थे। उन्होंने तुरंत नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल और साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत की। ई-जीरो एफआईआर दर्ज हुई। बिलौआ थाना पुलिस ने उनकी शिकायत पर मूल एफआईआर दर्ज कर ली है।
तीन क्रेडिट कार्ड, तीनों पर मोबाइल नंबर लिंक
बिहार के समस्तीपुर स्थित कल्याणपुर निवासी 34 वर्षीय अवनीश कुमार बीएसएफ की ग्वालियर के टेकनपुर स्थित अकादमी में निरीक्षक हैं। फरियादी ने पुलिस को बताया कि उनके पास आइसीआइसीआइ, एसबीआइ और यस बैंक के क्रेडिट कार्ड हैं। 17 जून को रात करीब 10 बजे वह खाना खाने के बाद सो गए। तीनों बैंक में उनका एक ही मोबाइल नंबर लिंक है। रात में सोने के बाद उनका मोबाइल हैक कर लिया गया। उनके तीनों क्रेडिट कार्ड के जरिये 11 बार ट्रांजेक्शन किया और 3.10 लाख रुपये निकाल लिए।
मोबाइल पर आए थे ओटीपी
घटना का पता उस समय चला जब 18 जून की सुबह आठ बजे उन्होंने अपना मोबाइल चेक किया तो पता चला कि उनके खाते से रुपये निकाले गए है और उसके ओटीपी उनके मोबाइल पर आए थे।
यह देखकर उन्होंने बैंक में संपर्क किया तो पता लगा कि उनके मोबाइल से खरीदारी की गई है और काफी बिल भरे गए हैं। फिर उन्होंने एनसीआरपी पोर्टल पर शिकायत की।
किस बैंक से कितने रुपये निकले
- आइसीआइसीआइ बैंक- रात 9.32 से 9.49 बजे के बीच नौ बार में दो लाख 32 हजार रुपये निकले।
- एसबीआइ- से रात 10.07 बजे एक बार में नौ हजार 998 रुपये यश बैंक- रात 10.13 से 11.15 बजे के बीच एक बार में 68002 रुपये निकले।
- कार्ड ब्लाक कराए: जब उन्हें ठगी का पता लगा तो उन्होंने तुरंत अपने तीनों बैंक खाते और क्रेडिट कार्ड ब्लाक करवाए।
बीएसएफ के इंस्पेक्टर के पास न कोई काल आया न मैसेज आया। मोबाइल हैक कर इंटरनेट बैंकिंग के जरिये रुपये निकाले गए हैं। – इला टंडन, थाना प्रभारी, बिलौआ।
