मध्य प्रदेश सरकार के मंत्रियों की कार्यप्रणाली का आंतरिक मूल्यांकन पूरा कर लिया गया है। मुख्यमंत्री मोहन यादव और भाजपा संगठन के वरिष्ठ नेताओं के बीच हुई चर्चा के बाद मंत्रियों की परफॉर्मेंस रिपोर्ट तैयार कर केंद्रीय नेतृत्व को भेज दी गई है। अब इन रिपोर्टों के आधार पर विधानसभा के मानसून सत्र के बाद मंत्रिमंडल विस्तार और फेरबदल की संभावना जताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, रिपोर्ट तैयार करते समय मंत्रियों के जिलों में प्रवास, विभागीय कार्यों की प्रगति, संगठन से समन्वय और प्रभार वाले जिलों में उनकी सक्रियता जैसे बिंदुओं को आधार बनाया गया। जानकारी मंत्रियों से प्राप्त विवरण और सरकार के फीडबैक सिस्टम के जरिए जुटाई गई।


ये भी पढ़ें- MP News: BJP की नई प्रदेश कार्यसमिति घोषित, महिलाओं को 33% आरक्षण, उमा से दूरी, पहली बैठक ओरछा में

बताया जा रहा है कि कुछ मंत्रियों की रिपोर्ट अपेक्षा के अनुरूप नहीं रही है, जबकि कुछ मंत्रियों का प्रदर्शन बेहतर माना गया है। ऐसे में केंद्रीय नेतृत्व रिपोर्टों की समीक्षा कर यह तय करेगा कि मंत्रिमंडल में किन चेहरों को बरकरार रखा जाए और किन्हें बाहर का रास्ता दिखाया जाए। साथ ही कुछ विभागों में बदलाव की संभावना भी जताई जा रही है।  बता दें अभी मंत्रिमंडल में मुख्यमंत्री मोहन यादव समेत 31 सदस्य है। चार सदस्यों के पद खाली हैं। 

ये भी पढ़ें-  MP Cabinet: स्कूल अपग्रेड होंगे, किसानों को मिलेगा शून्य प्रतिशत ब्याज पर ऋण, कैबिनेट ने लिए कई अहम फैसले



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *