बगैर अनुमति के कृषि भूमि पर अवैध रूप से प्लाटिंग कर आम लोगों के साथ छल कर रहे दो कालोनाइजर पर प्रशासन ने एफआईआर दर्ज कराई है। …और पढ़ें

Publish Date: Mon, 20 Apr 2026 07:09:12 PM (IST)Updated Date: Mon, 20 Apr 2026 07:14:12 PM (IST)

ग्वालियर में अवैध कॉलोनियों पर कार्रवाई, कृषि भूमि पर प्लॉटिंग करने वाले 2 कॉलोनाइजर पर FIR
ग्वालियर में अवैध कॉलोनियों पर कार्रवाई( एआई फोटो)

HighLights

  1. कृषि भूमि पर प्लाटिंग करने वालों पर कार्रवाई
  2. दो कॉलोनाइजर के खिलाफ दर्ज हुई एफआईआर
  3. अवैध कॉलोनियों में लोगों के साथ ठगी का मामला

नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। शहर में अवैध कालोनियों के जाल को तोड़ने के लिए प्रशासन ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। बगैर अनुमति के कृषि भूमि पर अवैध रूप से प्लाटिंग कर आम लोगों के साथ छल कर रहे दो कालोनाइजर पर प्रशासन ने एफआईआर दर्ज कराई है।

कालोनाइजर के खिलाफ एफआईआर दर्ज

पुरानी छावनी थाना पुलिस ने पटवारी की रिपोर्ट पर दो कालोनाइजर के खिलाफ एफआईआर दर्ज की। लंबे समय बाद अवैध कालोनी के मामले में एफआइआर हुई है।बगैर अनुमति और टाउन एंड कंट्री प्लानिंग से लेआउट पास कराये यह कालोनियां विकसित की जा रही थीं। आम लोगों को फार्म-4 बताकर प्लाट बेचे जा रहे थे।

जब इसकी शिकायत हुई तो पटवारी ने जांच की। जिसमें सामने आया कि दोनों ही कालोनाइजर के पास न तो कालोनी विकसित करने की वैध अनुमति है न ही लेआउट। कृषि भूमि पर ही कालोनियां विकसित की जा रही थी और आम लोगों को ठगा जा रहा था।

इन पर एफआईआर

धर्मेंद्र बघेल पुत्र होतम सिंह बघेल निवासी ब्रह्मा का पुरा, सुसैरा: इसके द्वारा पुरानी छावनी के सर्वे क्रमांक 887, 888, 889 में अलग-अलग रकवों में कालोनी विकसित की जा रही थी। जब शिकायत की गई तो पटवारी राजेश कुरैचया ने जांच की। इसमें पाया गया कि धर्मेंद्र द्वारा न तो कालोनाइजर का रजिस्ट्रेशन कराया गया न ही टाउन एंड कंट्री प्लानिंग से लेआउट स्वीकृत कराया गया।

यहां अवैध रूप से प्लाटिंग की जा रही थी

सुरेंद्र राठौर पुत्र रामसिंह राठौर निवासी शिवनगर, गदाईपुरा: इसके द्वारा कुलैथ के सर्वे 1185, 1118 के अलग-अलग रकवों में अवैध रूप से कृषि भूमि पर ही प्लाटिंग की जा रही थी। इसकी अनुमति नहीं ली गई। पटवारी राहुल जैन ने इसकी जांच कर रिपोर्ट पुलिस को दी।

अवैध कालोनी में ठगी जाती है जनता

प्लाटिंग कर भाग जाते हैं कालोनाइजर: शहर में अवैध कालोनियों का जाल बिछा है। शहर के चारों तरफ मुहानों पर अवैध कालोनियां विकसित हो रही हैं और इनमें धड़ल्ले से प्लाट बेचे जा रहे हैं। अवैध कालोनियों में प्लाट बेचकर कालोनाइजर तो भाग जाते हैं। जनता ठगी जाती है। बाद में न तो इनमें सड़क निर्माण होता है न ही नगर निगम यहां के लिए जवाबदेह होती है। शहर में ऐसी सैंकड़ों अवैध कालोनी हैं, जिनमें घर बन चुके हैं। सालों से लोग रह रहे हैं।

यह भी पढ़ें- भोपाल जीआरपी का बड़ा एक्शन, सेना के जवानों को ठगने वाली दिल्ली की ‘टप्पेबाज’ गैंग गिरफ्तार; 9 लाख का माल बरामद



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *