नगर निगम की फायर विंग और भवन अनुज्ञा शाखा की संयुक्त टीम ने आज शहर के विभिन्न क्षेत्रों में व्यापक स्तर पर सीलिंग की कार्रवाई की। लखनऊ में हाल ही में हुए भीषण कोचिंग अग्निकांड से सबक लेते हुए स्थानीय प्रशासन बेहद सतर्क हो गया है। शहर में संभावित अग्नि दुर्घटनाओं की रोकथाम और उनके प्रभावी नियंत्रण के लिए निगम की टीमें सुबह से ही सक्रिय नजर आईं। इंदौर के अलग-अलग क्षेत्रों में किए गए इस औचक निरीक्षण के दौरान सुरक्षा मानकों में गंभीर लापरवाही पाए जाने पर आज कुल 18 संस्थानों को सील कर दिया गया, जिनमें कोचिंग सेंटर, लाइब्रेरी, होटल और औद्योगिक भवन शामिल हैं। इस नई कार्रवाई के बाद शहर में अब तक सील किए गए भवनों की कुल संख्या बढ़कर 151 हो गई है।
निगम प्रशासन द्वारा सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष अभियान
नगर पालिक निगम के आयुक्त क्षितिज सिंघल ने इस कार्रवाई के संबंध में विस्तृत जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि ग्रीष्म ऋतु के दौरान आग लगने की घटनाओं की आशंका काफी बढ़ जाती है। इसी को ध्यान में रखते हुए संभावित अग्नि दुर्घटनाओं की रोकथाम और उन पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से फायर विभाग तथा भवन अनुज्ञा शाखा द्वारा लगातार संयुक्त निरीक्षण किया जा रहा है। शहर के भीतर ऐसे सभी भवनों और व्यावसायिक परिसरों की पहचान की जा रही है जहां अग्नि सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह उपलब्ध नहीं है या फिर वहाँ स्थापित किए गए सुरक्षा उपकरण बंद और अनुपयोगी अवस्था में पड़े हुए हैं। ऐसे डिफाल्टरों के विरुद्ध निगम प्रशासन द्वारा अत्यंत सख्त रुख अपनाया जा रहा है।
जांच में मिलीं गंभीर खामियां
अपर आयुक्त प्रखर सिंह ने बताया कि नगर निगम की टीमों द्वारा लगातार की जा रही कार्रवाई के तहत अब तक अग्नि सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाले कुल 151 भवनों को सील किया जा चुका है। आज दिनांक 24 जून 2026 को भी शहर के विभिन्न क्षेत्रों में संचालित होने वाले कोचिंग संस्थानों और छात्र-छात्राओं की लाइब्रेरियों को प्राथमिकता पर रखते हुए सघन जांच अभियान चलाया गया। निरीक्षण के दौरान कई नामी संस्थानों में भी आग से बचाव के आवश्यक उपकरण, फायर फाइटिंग सिस्टम, आपातकालीन निकास द्वार और अन्य अनिवार्य सुरक्षा मानक निर्धारित सरकारी नियमों के अनुरूप नहीं मिले। आम नागरिकों और विशेष रूप से वहां पढ़ने वाले विद्यार्थियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए निगम ने तत्काल प्रभाव से इन 18 संस्थानों को सील करने की कार्रवाई की और उन्हें जल्द से जल्द आवश्यक अग्नि सुरक्षा व्यवस्थाएं स्थापित करने के सख्त निर्देश जारी किए।
भवन स्वामियों से सुरक्षा मानकों को पूरा करने की अपील
आयुक्त क्षितिज सिंघल ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि शहर के नागरिकों और बच्चों की जान-माल की सुरक्षा करना नगर निगम की सर्वोच्च प्राथमिकता है। जिन भी संस्थानों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों, कोचिंग क्लास और भवन संचालकों द्वारा निर्धारित अग्नि सुरक्षा मानकों का ईमानदारी से पालन नहीं किया जा रहा है, उनके विरुद्ध आने वाले दिनों में भी नियमानुसार इसी प्रकार की सख्त दंडात्मक कार्रवाई जारी रहेगी। इसके साथ ही उन्होंने शहर के सभी भवन स्वामियों और व्यावसायिक संस्थान संचालकों से पुरजोर अपील की है कि वे अपने-अपने परिसरों में सरकार द्वारा तय किए गए अग्नि सुरक्षा उपकरण एवं आपातकालीन व्यवस्थाएं अनिवार्य रूप से स्थापित करें। इतना ही नहीं, वे इन उपकरणों का नियमित रखरखाव भी सुनिश्चित करें ताकि भविष्य में किसी भी संभावित अप्रिय दुर्घटना की स्थिति में जन-धन की बड़ी हानि को समय रहते रोका जा सके।
आज की कार्रवाई में निम्न संस्थानों एवं भवनों को सील किया गया…
चैंपियन कोचिंग एवं लाइब्रेरी
सी.एम.सी. कोचिंग
ए-1 बैंकिंग क्लासेस
सागर यादव क्लासेस
योर साइलेंस लाइब्रेरी
विनर्स इंस्टीट्यूट
एक्सीलेंस लाइब्रेरी
स्वाध्याय लाइब्रेरी
होटल आरव
स्वराज लाइब्रेरी
पोलो ग्राउंड औद्योगिक क्षेत्र स्थित 6 भवन
डिजिटल लाइब्रेरी
साईं लाइब्रेरी
सर्वज्ञान लाइब्रेरी
विद्या लाइब्रेरी
इन्फोटेक लाइब्रेरी
द अचीवर क्लासेस
सांवरिया लाइब्रेरी
