इंदौर के लसूडिया क्षेत्र में एक अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझा ली गई है और पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को पकड़ने में हाल ही में थाने से निलंबित एसआई संजय विश्नोई की अहम भूमिका रही। निलंबन से पहले वे इस केस की जांच कर रहे थे, इसलिए उन्होंने जांच जारी रखी।
मृतक कड़वा पिता राजाराम दगोड़ का शव स्कीम-136 के एक खाली मैदान में सिर कुचली हालत में मिला था। शव के पास से शराब की बदबू भी आ रही थी, जिसके चलते पुलिस ने जांच की दिशा नजदीकी शराब दुकान की ओर मोड़ी।
शराब दुकान के सीसीटीवी फुटेज में 16 अप्रैल की रात कड़वा को प्रमोद पिता फूलचंद अपनी बाइक पर ले जाते हुए दिखाई दिया। इसके बाद पुलिस का शक उस पर गहराया और उसकी जानकारी जुटाई गई। बाइक नंबर के आधार पर आरोपी तक पहुंचा गया।
जांच में सामने आया कि कड़वा और प्रमोद के बीच शराब दुकान के बाहर मामूली विवाद हुआ था। कड़वा द्वारा गाली देने पर प्रमोद को गुस्सा आ गया। इसके बावजूद उसने कड़वा को घर छोड़ने का झांसा दिया और बाइक पर बैठा लिया। रास्ते में उसने कड़वा को गिराकर उसके सिर पर पत्थर का ब्लॉक मार दिया और फरार हो गया।आरोपी प्रमोद मजदूरी करता है, जबकि कड़वा लाहिया नगर का निवासी था और वह भी मजदूरी करता था। दोनों की मुलाकात अक्सर मजदूर चौक पर होती थी।
कृष्णपुरा छत्री पर बेसुध मिली महिला की मौत
एमजी रोड क्षेत्र स्थित कृष्णपुरा छत्री पर सीमा प्रजापति नामक महिला बेसुध अवस्था में मिली। वह गुरुवार को अपने घर से लापता हो गई थी। उसका भाई अमन उसे अस्पताल लेकर पहुंचा, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
पुलिस को हत्या की सूचना मिली थी, लेकिन जांच में सामने आया कि महिला की मौत जहर खाने से हुई। परिजनों ने आरोप लगाया है कि उसका पति उसके साथ मारपीट करता था। फिलहाल पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि यह आत्महत्या का मामला है या महिला को जबरन जहर दिया गया।
