चैंबर ऑफ कॉमर्स चुनाव पर नजर रखने वालों का कहना है कि इस बार हर समूह में छह से सात उम्मीदवार चुनाव लड़ेंगे।

HighLights
- पदाधिकारी बनने की ‘शर्त’ के कारण मची होड़।
- 53 समूहों में घमासान, कुछ सीटों पर समझौते के आसार।
- 2,809 व्यापारियों ने दी फीस, 641 अभी भी बाकी।
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। चैंबर चुनाव में यूं तो लोगों की निगाह पदाधिकारियों, खासतौर से अध्यक्ष पद पर रहती है। क्योंकि असली टक्कर पदाधिकारियों के पद के लिए होती है, लेकिन इस बार कार्यकारिणी सदस्य बनने के लिए भी लोग सामने आ रहे हैं। अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पिछले तीन दिन में कार्यकारिणी पद के लिए 422 लोगों ने नामांकन फार्म खरीदे हैं, जबकि चैंबर में कार्यकारिणी सदस्यों की संख्या 150 है और इन्हें 53 समूहों में से चुना जाना है।
नामांकन जमा होने के तीसरे दिन पदाधिकारी पद के लिए छह फार्म बिके और कार्यकारिणी सदस्य पद के लिए 102 फार्म। अभी नामांकन जमा होने के अंतिम दिन 28 जून तक फार्म बिकेंगे।
इसलिए कार्यकारिणी सदस्य बनने की चाहत
चैंबर से जुड़े लोगों का कहना है कि चैंबर ऑफ कामर्स के पदाधिकारी पद के लिए चुनाव लड़ने के लिए नियम कि किसी भी सदस्य को कम से कम तीन बार कार्यकारिणी का सदस्य होना चाहिए, तभी वह चैंबर के पदाधिकारी पद का चुनाव लड़ने के लिए योग्य होगा।
हर समूह में होंगे छह से सात उम्मीदवार, कुछ समूहों में होगा निर्विरोध चुनाव
चैंबर की कार्यकारिणी में 150 सदस्यों को चुना जाना है। यह सदस्य 53 समूहों में से चुने जाएंगे। किसी समूह से एक तो किसी समूह से दो तो किसी समूह से चार सदस्यों का चुनाव होगा। चैंबर चुनाव पर नजर रखने वालों का कहना है कि इस बार हर समूह में छह से सात उम्मीदवार चुनाव लड़ेंगे। हालांकि कारोबारियों का कहना है कि 53 समूहों से 15 से 20 समूह ऐसे भी होंगे जिनमें उम्मीदवार मैदान में तो उतरेंगे, लेकिन आपस में समझौता होने पर इन समूहों से निर्विरोध सदस्य निर्वाचित हो जाएंगे।
अभी 641 सदस्यों की फीस बाकी: चैंबर में कुल 3450 सदस्य है। हर सदस्य को चैंबर की फीस जमा करनी होती है तभी वह चुनाव लड़ सकता है और अपने मताधिकार का उपयोग कर सकता है।
हालांकि जिन सदस्यों को चुनाव लड़ना है, उनके लिए फीस जमा करने की अंतिम तिथि 23 जून थी। लेकिन सामान्य सदस्य के लिए सात जुलाई है। 25 जून तक 2809 सदस्य अपनी फीस जमा कर चुके हैं। गुरुवार को भी 149 सदस्यों ने फीस जमा की है। अभी भी 641 सदस्य फीस जमा करने से बचे हुए हैं।
