इंदौर के परदेशीपुरा थाना क्षेत्र में एक नाबालिग छात्रा के साथ दुष्कर्म किए जाने का गंभीर मामला प्रकाश में आया है। पुलिस ने इस पूरे घटनाक्रम में पीड़ित नाबालिग की शिकायत के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी युवक साजन उर्फ दानिश खान के विरुद्ध दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट की विभिन्न धाराओं के अंतर्गत प्राथमिकी दर्ज की है।
बताया जा रहा है कि आरोपी युवक इस नाबालिग छात्रा को बहला-फुसलाकर अपने साथ छत्तीसगढ़ राज्य से इंदौर लेकर आया था। इंदौर पहुंचने के बाद उसने एक खुले मैदान में वारदात को अंजाम दिया और बाद में रेलवे स्टेशन परिसर में छात्रा के साथ मारपीट भी की। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार छत्तीसगढ़ के बलरामपुर की रहने वाली दसवीं कक्षा की इस छात्रा को आरोपी बीते बीस मई को अपने साथ लेकर इंदौर पहुंचा था। इसके बाद दोनों दिनभर शहर के अलग-अलग हिस्सों में घूमते रहे। रात के समय आरोपी छात्रा को कुलकर्णी भट्टा क्षेत्र में स्थित एक सुनसान और खाली मैदान में लेकर गया, जहां उसने नाबालिग की मर्जी के खिलाफ उसके साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया।
पहचान छिपाकर प्रेमजाल में फंसाने का आरोप
वारदात के अगले दिन का घटनाक्रम भी काफी नाटकीय रहा। आरोपी युवक पीड़ित छात्रा को लेकर लक्ष्मीबाई नगर रेलवे स्टेशन पहुंचा था। वहां किसी बात को लेकर दोनों के बीच गंभीर विवाद उत्पन्न हो गया, जिसके बाद आरोपी ने आपा खो दिया और स्टेशन पर ही छात्रा के साथ मारपीट शुरू कर दी। रेलवे स्टेशन जैसी सार्वजनिक जगह पर हंगामा होते देख वहां मौजूद बजरंग दल के कार्यकर्ताओं का ध्यान इस ओर गया और उन्होंने सजगता दिखाते हुए छात्रा से पूछताछ की। इस पूछताछ के दौरान पीड़ित छात्रा ने जो आपबीती सुनाई वह चौंकाने वाली थी। सामने आया कि आरोपी युवक ने कथित तौर पर अपनी वास्तविक धार्मिक और व्यक्तिगत पहचान को पूरी तरह छिपाकर सोशल मीडिया के माध्यम से छात्रा को अपने प्रेमजाल में फंसाया था। वास्तविकता सामने आते ही कार्यकर्ता तुरंत पीड़ित छात्रा को नजदीकी पुलिस थाने लेकर पहुंचे और पुलिस को पूरे मामले से अवगत कराते हुए औपचारिक शिकायत दर्ज करवाई।
आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें गठित
स्टेशन पर हुए घटनाक्रम और शिकायत के बाद इस मामले की आधिकारिक सूचना तत्काल परदेशीपुरा पुलिस को दी गई। पुलिस के आला अधिकारियों ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत संज्ञान लिया। पुलिस प्रशासन ने पीड़ित नाबालिग छात्रा के विस्तृत बयान दर्ज किए और उन बयानों के आधार पर आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म सहित बच्चों को यौन अपराधों से संरक्षण प्रदान करने वाले कड़े पॉक्सो कानून के तहत मामला दर्ज कर लिया। इसके साथ ही इंदौर पुलिस द्वारा छत्तीसगढ़ में रह रहे छात्रा के परिजनों को भी इस पूरी घटना और उसकी वर्तमान स्थिति के बारे में सूचित कर दिया गया है। फिलहाल पुलिस की अलग-अलग टीमें आरोपी युवक की सरगर्मी से तलाश में जुटी हुई हैं और उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है।
सोशल मीडिया के जरिए हुई थी जान-पहचान
इस पूरे मामले की जड़ें सोशल मीडिया नेटवर्क से जुड़ी हुई हैं। पुलिस की शुरुआती जांच और पूछताछ में यह बात सामने आई है कि छत्तीसगढ़ की रहने वाली इस नाबालिग छात्रा की आरोपी युवक से पहली मुलाकात सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से हुई थी। शुरुआत में दोनों के बीच केवल मैसेजिंग ऐप के जरिए सामान्य बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ था। धीरे-धीरे यह बातचीत बढ़ती गई और कुछ समय बाद दोनों ने एक-दूसरे के मोबाइल नंबर साझा कर लिए। नंबर मिलने के बाद दोनों के बीच अक्सर फोन पर लंबी बातचीत होने लगी। इसी बातचीत और नजदीकी का फायदा उठाकर आरोपी ने छात्रा को पूरी तरह से अपने प्रभाव में ले लिया। उसने छात्रा को अपने माता-पिता और घर को छोड़कर भागने के लिए पूरी तरह राजी कर लिया और योजना के तहत उसे अपने साथ छत्तीसगढ़ से भगाकर इंदौर शहर लेकर आ गया।
