इंदौर के डेली कॉलेज में 21 मई को होने वाले चुनावों से पहले विवाद खड़ा हो गया है। न्यू डोनर श्रेणी के प्रत्याशी राजेश अग्रवाल ने अपने प्रतिद्वंदी हरपाल सिंह (मोनू) भाटिया के समर्थकों पर डाक मत पत्र चोरी करने और चुनावी प्रक्रिया में धांधली करने के गंभीर आरोप लगाए हैं। अग्रवाल ने इस संबंध में चुनाव अधिकारी सुशील गुप्ता को लिखित शिकायत भी दर्ज कराई है। वहीं मोनू भाटिया ने पलटवार करते हुए कहा है कि राजेश अग्रवाल को मीडिया में बयानबाजी करने के बजाय साक्ष्य प्रस्तुत करने चाहिए।
अग्रवाल ने कहा 20-25 लोगों ने जबरदस्ती कब्जे में लिए डाक मत पत्र
राजेश अग्रवाल का दावा है कि 5 और 6 मई को डाक के जरिए भेजे गए मत पत्रों की ट्रैकिंग शीट और अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां उन्हें साझा नहीं की गईं। उन्होंने एक विशिष्ट घटना का उल्लेख करते हुए बताया कि देवास में मतदाता शिव मंगल मेहता की फैक्ट्री पर जैसे ही मत पत्र पहुंचा, वहां मौजूद 20-25 लोगों ने उसे जबरदस्ती अपने कब्जे में ले लिया। अग्रवाल के अनुसार पीथमपुर के तीन बंद कारखानों के पते पर आए मत पत्रों को भी पोस्टमैन से ले लिया गया, जबकि नियमतः उन्हें पोस्ट ऑफिस वापस जाना चाहिए था।
मोनू भाटिया ने किया पलटवार
इन आरोपों के जवाब में मोनू भाटिया ने कहा कि राजेश अग्रवाल को मीडिया में बयानबाजी करने के बजाय साक्ष्य प्रस्तुत करने चाहिए। उन्होंने सुझाव दिया कि यदि अग्रवाल के पास ठोस सबूत हैं, तो उन्हें तुरंत थाने में एफआईआर दर्ज करानी चाहिए। भाटिया ने स्पष्ट किया कि सभी बैलेट पेपर चुनाव अधिकारी की सीधी निगरानी में पोस्ट ऑफिस पहुंचाए गए थे और इस दौरान कई प्रत्याशी खुद वहां मौजूद थे।
153 मतदाताओं को भेजे गए डाक मत पत्र
निर्वाचन रिकॉर्ड के अनुसार न्यू डोनर श्रेणी में कुल 713 सदस्य हैं, जिनमें से 153 मतदाताओं को डाक मत पत्र भेजे गए हैं। इसमें से 90 पत्र 5 मई को और शेष 63 पत्र 6 मई को जीपीओ के माध्यम से रवाना किए गए। चुनाव प्रबंधन का कहना है कि यह पूरी प्रक्रिया उम्मीदवारों के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में संपन्न हुई है ताकि किसी भी प्रकार के संदेह की गुंजाइश न रहे।
चुनाव समन्वयक ने आरोपों को नकारा
डेली कॉलेज चुनाव समन्वयक ओम सिंह चौहान ने पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी बताते हुए कहा कि सभी 153 मतदाताओं की सूची और उनके पते प्रत्याशियों को पहले ही उपलब्ध करा दिए गए हैं। उन्होंने पुष्टि की कि डाक विभाग द्वारा रजिस्टर्ड पोस्ट का उपयोग किया गया है और प्रबंधन की ओर से नियमों का पूरी तरह पालन किया जा रहा है।
