शिवपुरी जिले में पोहरी से कांग्रेस विधायक कैलाश कुशवाह का अनोखा अंदाज देखने को मिला है। जिले में खाद की समस्या से परेशान किसानों की परेशानी देखने के लिए पोहरी के कांग्रेस विधायक कैलाश कुशवाह खाद वितरण केंद्र पर हेलमेट लगाकर पहुंच गए, ताकि उन्हें कोई पहचान न सके और वह वहां चल रही व्यवस्थाओं को देख सकें। इस दौरान खाद वितरण केंद्र पर विधायक को अव्यवस्था देखने को मिली। यहां पर किसान परेशान थे और लंबी लाइनों में लगे थे। विधायक ने आरोप लगाया कि किसानों को खाद नहीं मिल रहा है।

टोकन वितरण केंद्र पर पहचान छुपा कर पहुंचे विधायक

जिले भर में इस समय किसान खाद के लिए परेशान हैं। प्रशासनिक व्यवस्थाएं चारों खाने चित पड़ी हुई हैं। इसी बीच पोहरी विधायक कैलाश कुशवाह अपनी पहचान छिपाकर पोहरी कृषि उपज मंडी में अपनी पहचान छिपाकर एक आम किसान की तरह करीब एक घंटे तक टोकन लेने वाले किसानों की लाइन में लगे और वहां टोकन वितरण व खाद वितरण व्यवस्था का जायजा लिया। विधायक कैलाश कुशवाह ने बताया कि टोकन लेने के लिए किसानों के साथ धक्का-मुक्की की जा रही थी। जो दबंग किसान या किराए से लगाए गए मजदूर थे। वह वास्तविक किसान से लड़ झगड़कर टोकन ले रहे थे। 

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एक घंटे लाइन में लगे विधायक

टोकन वितरण के लिए जिन पटवारियों की ड्यूटी लगाई गई थी, वह चेहरा देख-देखकर कूपन वितरण कर रहे थे। विधायक के अनुसार एक घंटे लाइन में लगे रहने के दौरान उन्होंने देखा कि उनके साथ ही लोगों ने जमकर धक्का-मुक्की की और उन्हें कई बार पीछे धकेलकर खुद आगे आए। इस दौरान जो वास्तविक किसान था वह भीड़ में दब कर रह गया। विधायक का कहना था कि टोकन वितरण केंद्र सहित खाद वितरण केंद्र पर पुलिस बल और किसानों के लिए पेयजल की कोई व्यवस्था नहीं थी।

विधायक की सूचना के बाद पुलिस बल मौके पर पहुंचा

विधायक ने इस संबंध में पोहरी एसडीएम अनुपम शर्मा से बात की तो उन्होंने बताया कि पुलिस बल और अन्य व्यवस्थाओं के लिए उन्होंने तहसीलदार निशा भारद्वाज को कहा था। विधायक का कहना है कि पोहरी तहसीलदार तो मौके पर मौजूद ही नहीं थी। बकौल विधायक उन्होंने जब पोहरी टीआई नरेंद्र सिंह कुशवाह से बात की तो उन्होंने बताया कि उनको पुलिस व्यवस्था करने के संबंध में किसी भी प्रकार के निर्देश नहीं दिए गए हैं। विधायक का कहना है कि हालांकि बाद में वह पुलिस फोर्स के साथ पहुंचे और व्यवस्थाओं को संभालने का प्रयास किया।



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