जिले में सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां मर्डर को सड़क हादसे में तब्दील कर मौत के घाट उतारने वाले अपराधियों का पुलिस ने भंडाफोड़ किया। श्योपुर जिले के कराहल के रहने वाले शिक्षक रमाकांत पाठक की हत्या कर उसको एक्सीडेंट दिखाने वाले मामले में शिक्षक की पत्नी और उसके प्रेमी और उनके एक और साथी सहित घटना में प्रयुक्त स्विफ्ट डिजायर कार को पुलिस ने कब्जे में ले लिया है। आरोपी मनीष जाटव, मृतक की पत्नी साधना शर्मा और सतनाम सिह को गिरफ्तार किया गया है।
आरोपियों ने शिक्षक रमाकांत पाठक की हत्या कर घाटी में मोड़ पर ढलान पर शव को डाल दिया था। इसके बाद पूरी घटना को एक्सीडेंट का रूप देने की कोशिश की। पुलिस जांच में पूरी घटना का खुलासा साजिश और हत्या का हुआ है। घटना में प्रयुक्त कार सहित तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। कराहल थाना क्षेत्र की नौनपुरा घाटी में वारदात को अंजाम दिया गया था।
पुलिस को शुरुआत में यह मामला संदिग्ध लग रहा था। जांच के दौरान जब इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए तो पुलिस को पेट्रोल पंप पर रमाकांत, मनीष और सतनाम एक साथ दिखाई दिए। इसी सुराग के आधार पर जब पुलिस ने मनीष और सतनाम को हिरासत में लेकर कड़ी पूछताछ की तो उन्होंने सारा सच उगल दिया। आरोपियों के कबूलनामे में मृतक की पत्नी साधना की मुख्य भूमिका सामने आई, जिसके बाद पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर लिया।
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पुलिस के मुताबिक महिला के प्रेमी मनीष ने शिक्षक की हत्या के लिए सतनाम सरदार को 4 लाख रुपये में हायर किया था। पैसों की जरूरत के चलते सतनाम इस वारदात के लिए राजी हो गया था। दोनों के बीच यह तय हुआ था कि घटना के एक सप्ताह के भीतर पैसों का इंतजाम कर दिया जाएगा। मनीष ने हत्या में होने वाले पूरे खर्च और भुगतान की योजना पहले ही महिला को बता दी थी। बताया जा रहा है कि मनीष पेट्रोल पंप पर 8 से 10 हजार रुपये मासिक वेतन पर काम करता था, इसलिए वह खुद यह रकम देने की स्थिति में नहीं था। हत्या के बाद महिला मनीष को पैसे देने वाली थी, ताकि सतनाम को भुगतान किया जा सके।
