मध्यप्रदेश के उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में घने कोहरे के साथ कड़ाके की ठंड ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। ग्वालियर-चंबल, रीवा, सागर और जबलपुर-शहडोल संभाग के करीब 20 जिलों में शनिवार सुबह घना कोहरा छाया रहा। कई इलाकों में दृश्यता 50 मीटर से भी कम दर्ज की गई। वहीं तापमान में तेज गिरावट के चलते पारा 4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है।मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में न्यूनतम तापमान तेजी से गिरा। शिवपुरी में सबसे कम 4 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। इंदौर में पारा 4.1 डिग्री तक पहुंच गया, जबकि भोपाल में 6.4 डिग्री, उज्जैन में 7.2 डिग्री, जबलपुर में 8.6 डिग्री और ग्वालियर में 11.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।

कोहरे से रेल और हवाई यातायात प्रभावित

घने कोहरे के चलते दिल्ली से भोपाल और इंदौर आने वाली कई ट्रेनें देरी से चल रही हैं। शताब्दी, मालवा, झेलम, कर्नाटक, सचखंड, छत्तीसगढ़, कोल्हापुर–मंगला लक्ष्यदीप एक्सप्रेस और पंजाब मेल 30 मिनट से लेकर 8 घंटे तक लेट चल रही हैं। पिछले तीन दिनों से यही स्थिति बनी हुई है।वहीं, इंदौर और भोपाल से दिल्ली, मुंबई, गोवा और बेंगलुरु जाने वाली उड़ानों पर भी असर पड़ा है।

यह भी पढ़ें-सूची से बाहर हुए वोटरों को मिलेगा एक और मौका,हर वार्ड में लगेंगे कैंप,20% से ज्यादा फॉर्म पेंडिंग

इन जिलों में कोहरे का अलर्ट

शनिवार को ग्वालियर, भिंड, मुरैना, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी और सिंगरौली में घने कोहरे का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, जबलपुर, दमोह, कटनी, मैहर, उमरिया और शहडोल में येलो अलर्ट घोषित किया गया है। इन क्षेत्रों में सुबह 10 बजे तक कोहरा छाए रहने की संभावना जताई गई है।

यह भी पढ़ें-2009 में देखा था सपना, 16 साल बाद साकार हुआ, राजधानी को फास्ट और स्मार्ट परिवहन की सौगात

सुबह-रात को ज्यादा असर, सावधानी जरूरी

मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा के अनुसार देर रात और सुबह के समय कोहरे का प्रभाव सबसे ज्यादा रहता है। इसी कारण लोगों से अतिरिक्त सतर्कता बरतने की अपील की गई है।मौसम विभाग ने कम दृश्यता के चलते अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है। जरूरी होने पर वाहन चलाते समय फॉग लैंप और लो बीम हेडलाइट का उपयोग करें और धीमी गति से ड्राइव करें। तेज ठंड में सिर, गर्दन और हाथ-पैर अच्छी तरह ढंककर रखें। सर्दी, खांसी या फ्लू के लक्षण होने पर डॉक्टर से संपर्क करें। विटामिन-सी युक्त फल और सब्जियों का सेवन करें। कोहरे में मौजूद प्रदूषक तत्व सांस की समस्या बढ़ा सकते हैं, इसलिए मास्क पहनें और नियमित व्यायाम करें। वहीं  लंबे समय तक कोहरे से फसलों में नमी बढ़ने और रोग फैलने की आशंका रहती है। किसान फसलों की नियमित निगरानी करें। टमाटर, मिर्च, फूलगोभी और सरसों की फसलों पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। पशु शालाओं में वेंटिलेशन की व्यवस्था सुनिश्चित करें।

 



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You missed