विजय नगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत सिनर्जी अस्पताल के पास सोमवार शाम एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहां एक को-ऑपरेटिव बैंक में कार्यरत कर्मचारी हेमंत ब्रह्मवंशी ने अपनी ही लाइसेंसी बंदूक से खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। घटना शाम करीब साढ़े 5 बजे की बताई जा रही है जब वह अपने घर के कमरे में अकेला था।

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सोमवार को बैंक की एक टीम मकान खाली कराने हेमंत के निवास पर पहुंची थी।
– फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
ढाई करोड़ के कर्ज का भारी बोझ था
मिली जानकारी के अनुसार हेमंत ने अपने मकान को गिरवी रखकर बैंक ऑफ महाराष्ट्र से ढाई करोड़ रुपये का बड़ा कर्ज ले रखा था। बताया जा रहा है कि पिछले डेढ़ साल से वह बैंक की किश्तें चुकाने में असमर्थ थे। लंबे समय तक राशि जमा न होने के कारण बैंक की ओर से बार-बार नोटिस भी जारी किए गए थे, लेकिन हेमंत की ओर से उनका कोई जवाब नहीं दिया जा रहा था।
जब बैंक की टीम पहुंची घर, तभी गोली मारी
सोमवार को बैंक की एक टीम कानूनी प्रक्रिया के तहत मकान खाली कराने के लिए हेमंत के निवास पर पहुंची थी। जिस समय बैंक के कर्मचारी घर की पहली मंजिल पर खड़े होकर जब्ती और खाली करने की लिखा-पढ़ी की औपचारिकताएं पूरी कर रहे थे, उसी वक्त हेमंत ने नीचे अपने कमरे में जाकर आत्मघाती कदम उठा लिया। अचानक हुई गोली चलने की आवाज से घर और आसपास के इलाके में सनसनी फैल गई।
डिप्रेशन का चल रहा था इलाज
विजय नगर थाना प्रभारी चंद्रकांत पटेल ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि हेमंत पिछले काफी समय से भारी कर्ज के कारण मानसिक तनाव और डिप्रेशन से जूझ रहे थे। उनके बड़े बेटे ने भी इस बात की पुष्टि की है कि उनका मानसिक उपचार चल रहा था। मृतक के परिवार में उनकी वृद्ध मां, दो बेटे और एक बेटी है, जिनका इस घटना के बाद रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने फिलहाल मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है।
