इंदौर में अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत क्राइम ब्रांच को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस टीम ने घेराबंदी कर एक सफेद रंग की कार से भारी मात्रा में एमडी ड्रग्स बरामद की है। इस मामले में तीन युवकों के साथ एक महिला को भी हिरासत में लिया गया है। पकड़ी गई महिला इवेंट ऑर्गेनाइजेशन के क्षेत्र में सक्रिय है और अलग-अलग शहरों में कार्यक्रमों का आयोजन करती है।
सुनसान मैदान में संदिग्ध कार से हुआ खुलासा
क्राइम ब्रांच की टीम शहर में नशे के सौदागरों की धरपकड़ के लिए लगातार गश्त कर रही थी। इसी दौरान टीम को मंगल परिसर गार्डन के पीछे कनकेश्वरी खाली मैदान के पास एक संदिग्ध सफेद वरना कार खड़ी दिखाई दी। सुनसान इलाके में कार की मौजूदगी और उसमें बैठे लोगों की हरकतों को देखते हुए पुलिस ने दबिश दी। कार में एक महिला और तीन पुरुष सवार थे। पुलिस द्वारा प्रारंभिक पूछताछ किए जाने पर चारों आरोपी घबरा गए और संतोषजनक जवाब देने के बजाय अलग-अलग बातें करने लगे।
कार की सीलिंग में छिपा रखी थी ड्रग्स
संदेह गहराने पर जब पुलिस टीम ने वाहन की सघन तलाशी ली, तो कार के दाईं ओर सीलिंग वाले बॉक्स में एक पारदर्शी पन्नी मिली। इस पन्नी की जांच करने पर उसमें 24.08 ग्राम एमडी ड्रग्स पाई गई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इस जब्त नशीले पदार्थ की कीमत लगभग 2 लाख 40 हजार रुपये आंकी गई है। पुलिस ने ड्रग्स के साथ ही तस्करी में इस्तेमाल की जा रही कार और चार मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। कुल ड्रग्स करीब 5 लाख रुपये की बताई जा रही है।
रतलाम के हैं तीन आरोपी, काजल इंदौर की रहने वाली है
पकड़े गए आरोपियों की पहचान रिजवान खोकर, फैजान मंसूरी और समीर लकारा के रूप में हुई है, जो मूल रूप से रतलाम के निवासी हैं। वहीं चौथी आरोपी काजल उपाध्याय इंदौर की रहने वाली है। पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी रिजवान पर पूर्व में भी रतलाम में मारपीट का मामला दर्ज है। आरोपियों ने कबूल किया है कि वे कम दाम पर ड्रग्स खरीदकर नशे के आदी लोगों को ऊंचे दामों पर बेचते थे। महिला आरोपी द्वारा इवेंट मैनेजमेंट की आड़ में ड्रग्स सप्लाई किए जाने की संभावनाओं को लेकर भी पुलिस जांच कर रही है। फिलहाल चारों के खिलाफ केस दर्ज कर उनसे पूछताछ की जा रही है।
