इंदौर विकास प्राधिकरण ने ग्राम कुमेड़ी में 100 करोड़ रुपए की लागत से निर्मित अत्याधुनिक अंतरराज्यीय बस टर्मिनल के संचालन और रखरखाव के लिए एक बार फिर निविदा प्रक्रिया शुरू कर दी है। इससे पहले संचालन की शर्तों में स्पष्टता न होने के कारण किसी एजेंसी का चयन नहीं किया जा सका था। प्राधिकरण ने अब नियमों में महत्वपूर्ण संशोधन किए हैं ताकि जल्द से जल्द एजेंसी की नियुक्ति कर बस सेवाओं को शुरू किया जा सके।
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संशोधित शर्तों के साथ नई निविदा जारी की गई
प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ. परीक्षित झाड़े ने जानकारी दी कि पिछले अनुभवों को ध्यान में रखते हुए इस बार कार्यक्षेत्र में विस्तार किया गया है। नई चयन प्रक्रिया में तकनीकी अनुभव को 60 प्रतिशत और वित्तीय प्रस्ताव को 40 प्रतिशत महत्व दिया जाएगा। एमआर-10 कुमेड़ी स्थित यह बस टर्मिनल पूरी तरह तैयार है और जैसे ही एजेंसी की नियुक्ति होगी, यहां से बसों का आवागमन प्रारंभ कर दिया जाएगा।
सिंहस्थ 2028 में कनेक्टिविटी का मुख्य केंद्र होगा
आगामी सिंहस्थ को देखते हुए यह टर्मिनल शहर के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगा क्योंकि यहां से प्रतिदिन लाखों यात्रियों के आवागमन की उम्मीद है। प्रशासन की योजना है कि सिंहस्थ से पहले रेलवे स्टेशन को सीधे कुमेड़ी आईएसबीटी से जोड़ने वाली एमआर-4 और आरडब्ल्यू-1 सड़कों की बाधाओं को दूर कर लिया जाए। इन सड़कों के निर्माण से मध्य शहर को एमआर-10, लवकुश चौराहा, उज्जैन रोड और विजय नगर क्षेत्र से सीधा संपर्क मिलेगा। सरकार ने भी इन सड़कों को समय सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए हैं ताकि यातायात सुचारू रहे।
प्रदेश का सबसे प्रमुख और आधुनिक बस स्टैंड है यह
कुमेड़ी स्थित यह टर्मिनल इंदौर का सबसे प्रमुख बस स्टैंड होगा जो 24 घंटे कार्य करेगा। इसकी क्षमता प्रतिदिन 1400 बसों के संचालन की है। एक बार सड़क निर्माण कार्य पूर्ण होने पर सरवटे बस स्टैंड और शहर के तीनों प्रमुख रेलवे स्टेशन सीधे कुमेड़ी से जुड़ जाएंगे। अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस यह टर्मिनल सिंहस्थ के दौरान यात्रियों के लिए मुख्य केंद्र बनेगा।
