इंदौर में अभी भी एलपीजी गैस सिलेंडर आसानी से उपलब्ध नहीं हो पा रहे हैं। साथ ही नए गैस कनेक्शनों पर भी रोक लगा दी गई है। हालांकि एजेंसी संचालक नए कनेक्शन के आवेदन ले रहे हैं और केवाईसी की प्रक्रिया भी पोर्टल पर पूरी की जा रही है, लेकिन भारत पेट्रोलियम, हिंदुस्तान पेट्रोलियम और इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन द्वारा नए गैस कनेक्शन के लिए सब्सक्रिप्शन वाउचर जारी नहीं किए जा रहे हैं।
यह स्थिति लंबे समय तक नहीं रहेगी, लेकिन जब तक कंपनियां वाउचर जारी नहीं करेंगी, तब तक नए कनेक्शन नहीं मिल पाएंगे। इससे नए कनेक्शन लेने वाले उपभोक्ताओं को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। दरअसल, कई घरों में एक महीने में एक से अधिक सिलेंडर की आवश्यकता होती है। इसके अलावा कई लोग घरों से क्लाउड किचन भी संचालित करते हैं। पहले एक महीने में दो से तीन सिलेंडर मिल जाते थे, लेकिन अब दूसरा सिलेंडर लगभग 25 दिन के अंतराल के बाद ही मिल पा रहा है।
इस स्थिति के चलते कई लोगों ने अतिरिक्त कनेक्शन के लिए आवेदन कर दिए हैं। परिणामस्वरूप गैस एजेंसियों के पास पहले की तुलना में अधिक आवेदन पहुंच गए हैं, जिसके कारण फिलहाल नए कनेक्शनों पर रोक लगा दी गई है। हालांकि उपभोक्ताओं के लिए 5 किलो वाले छोटे गैस सिलेंडर का विकल्प उपलब्ध कराया गया है, जिसे लोग ले सकते हैं।
इंदौर में कमर्शियल गैस सिलेंडर भी आसानी से उपलब्ध नहीं हो रहे हैं। इससे छोटे व्यापारियों को अपना काम बंद करना पड़ रहा है। सराफा बाजार में नए आभूषण बनाने का काम भी गैस पर निर्भर करता है, जो इस कमी के कारण प्रभावित हुआ है। काम प्रभावित होने से कई कारीगर अपने घर लौट गए हैं। वहीं दूसरी ओर, कई लोग अब पीएनजी कनेक्शन लेने में रुचि दिखा रहे हैं।
