इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र में बीते पांच दिन से उल्टी और दस्त की शिकायत लेकर लोग बस्ती के क्लीनिक और अस्पतालों में पहुंच रहे हैं। पांच दिन में डेढ़ सौ से ज्यादा लोग बीमार हुए है। फिलहाल बीस लोग अलग-अलग अस्पताल में भर्ती है। उन्हें उल्टी दस्त और कमजोरी की शिकायत है। भर्ती मरीजों का हालचाल जानने मंत्री कैलाश विजयवर्गीय भी अस्पताल गए। भागीरथपुरा बस्ती उनके विधानसभा क्षेत्र का हिस्सा है।
पानी के सैंपल जांचे
बस्ती में डायरिया क्यों फैला, विभाग इसकी जांच कर रहे है। रहवासियों का कहना है कि बस्ती में दूषित पेयजल की सप्लाई हो रही है। हालांकि नगर निगम के अधिकारी इससे इनकार कर रहे है। अफसरों का कहना है कि टंकी से अन्य इलाकों में भी जलापूर्ति होती है, लेकिन वहां लोग बीमार नहीं पड़ रहे है। सोमवार को क्षेत्र में सप्लाई होने वाली भागीरथपुरा पानी की टंकी के सैंपल लिए गए, लेकिन पानी दूषित होना नहीं पाया गया।
मंत्री ने जाना हाल चाल
सोमवार को क्षेत्र के विधायक और नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय भी अस्पताल में भर्ती लोगों से मिलने पहुंचे। उन्होंने कहा कि इतनी बड़ी संख्या में लोग बीमार क्यों हुए, इसकी जांच की जा रही है। जिन घरों में लोग बीमार पड़े हैं वहां से भी पानी के सैंपल एकत्र किए गए है। बीमार लोगों को इलाज मुफ्त में होगा।
डायरिया के कारण भर्ती
मरीजों का इलाज कर रहे डाक्टर अभ्युदय वर्मा का कहना है कि पांच दिन से बस्ती के लोग एक जैसी शिकायत लेकर आ रहे है। पतले दस्त और उल्टी ज्यादा होने से शरीर में कमजोरी आ गई है। रोज पांच सात मरीज आ रहे है। सभीं में डायरिया के लक्षण पाए गए है, जो दूषित भोजन, पानी के सेवन से होता है।
