राजधानी भोपाल में मिलावटखोरों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा प्रशासन ने कड़ा प्रहार किया है। भारत सरकार के विशेष प्रवर्तन अभियान के तहत शुक्रवार को शहर के अलग-अलग इलाकों में ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए दूध, पनीर, घी, दही, मावा, मिठाई, बेसन, आटा, दाल, नमकीन और मसालों के दर्जनों सैंपल जब्त किए गए। यह कार्रवाई मिलावट, मिसब्रांडिंग और अवैध निर्माण की आशंका के चलते की गई है।
अचानक पहुंचकर किया निरीक्षण
खाद्य सुरक्षा प्रशासन की टीमों ने किराना दुकानों, डेयरियों, होटल-रेस्टोरेंट, मिठाई दुकानों और कैंटीनों में अचानक पहुंचकर निरीक्षण किया। डीडी इंटरप्राइजेज, संजीव डेयरी, दिल्ली चाट भंडार, श्रीकृष्णा मिश्रा भंडार, एसबीआई स्टाफ कैंटीन, पास कैफे एंड रेस्टोरेंट, बीपी हॉस्पिटैलिटी सहित कई प्रतिष्ठानों से संदिग्ध खाद्य पदार्थों के नमूने लिए गए।
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सभी सैंपल राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजे
अधिकारियों के मुताबिक, सभी सैंपल राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजे गए हैं, जहां फैट कंटेंट, मॉइस्चर, आयोडीन टेस्ट, माइक्रोबायोलॉजिकल जांच और गुणवत्ता मानकों की गहन जांच होगी। रिपोर्ट आने के बाद दोषी पाए जाने वाले दुकानदारों पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई तय मानी जा रही है।
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शुद्ध भोजन से कोई समझौता नहीं
खाद्य सुरक्षा प्रशासन ने साफ कहा है कि शुद्ध भोजन से कोई समझौता नहीं होगा। यदि किसी भी नमूने में मिलावट या मानक उल्लंघन पाया गया, तो जुर्माने के साथ लाइसेंस निरस्तीकरण और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस कार्रवाई से शहर के खाद्य कारोबारियों में हड़कंप मच गया है। प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि यह अभियान यहीं नहीं रुकेगा और आने वाले दिनों में मिलावटखोरों पर और भी सख्त शिकंजा कसा जाएगा।
