ईरान और अमेरिका के बीच जारी तनाव के बीच गैस की संभावित किल्लत का फायदा उठाकर कुछ गैस एजेंसियों द्वारा मनमानी किए जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं। कहीं सिलेंडर में कम गैस मिलने की बात कही जा रही है, तो कहीं स्टॉक होने के बावजूद उपभोक्ताओं को समय पर डिलीवरी नहीं दी जा रही। इसके अलावा निर्धारित दर से अधिक राशि वसूलने की शिकायतें भी मिल रही हैं। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए भोपाल जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है।
ये भी पढ़ें- MP News: सरकार बेचेगी शराब, नीलामी के बाद बची 454 मदिरा दुकानों के संचालन के लिए निगम-मंडल बनाने पर विचार
भोपाल कलेक्टर ने पूरे जिले में गैस एजेंसियों के खिलाफ विशेष जांच अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। यह अभियान शनिवार से शुरू किया जाएगा। आदेश के तहत सभी एसडीएम और तहसीलदार अपने-अपने क्षेत्रों में संचालित गैस एजेंसियों की जांच करेंगे। जांच के दौरान एजेंसियों में मूल्य सूची और दैनिक स्टॉक की जानकारी सही तरीके से प्रदर्शित हो रही है या नहीं, इसकी जांच की जाएगी। साथ ही सिलेंडरों का वजन और गुणवत्ता भी परखी जाएगी, ताकि उपभोक्ताओं को तय मानकों के अनुसार ही गैस मिल सके।
ये भी पढ़ें- काशी में तीन दिवसीय ‘विक्रमादित्य महानाट्य’ का शुभारंभ: CM बोले-सम्राट विक्रमादित्य के सुशासन का देता है संदेश
प्रशासन ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए हैं कि एजेंसी के भौतिक स्टॉक और ऑनला इन रिकॉर्ड का मिलान किया जाए, जिससे अवैध भंडारण या कालाबाजारी की स्थिति सामने आ सके। इसके अलावा यह भी देखा जाएगा कि कहीं उपभोक्ताओं से होम डिलीवरी के नाम पर अतिरिक्त शुल्क तो नहीं लिया जा रहा। घरेलू सिलेंडरों के दुरुपयोग और अवैध रिफिलिंग पर भी विशेष नजर रखी जाएगी। प्रशासन ने साफ किया है कि यदि जांच के दौरान किसी भी प्रकार की गड़बड़ी पाई जाती है, तो संबंधित एजेंसी के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
