नईदुनिया प्रतिनिथी, ग्वालियर। सिटी सेंटर क्षेत्र में रूपसिंह स्टेडियम के सामने सरेराह गोली मारकर प्रेमिका की हत्या के आरोपित अरविंद परिहार की जमानत याचिका सप्तम अपर सत्र न्यायाधीश व विशेष जज ओएडब्ल्यू सिद्धि मिश्रा ने खारिज कर दी।
पूर्व प्रेमी अरविंद परिहार कट्टा लेकर पहुंचा
पुलिस थाना विश्वविद्यालय में दर्ज रिपोर्ट के मुताबिक 12 सितंबर 2025 को फरियादी अंकुश अपने दोस्त नंदलाल और महिला मित्र नंदिनी परिहार के साथ सिटी सेंटर से फूलबाग की ओर जा रहा था।
आरोप है कि रूप सिंह स्टेडियम गेट के पास नंदिनी का पूर्व प्रेमी अरविंद परिहार कट्टा लेकर पहुंचा। उसने ऑटो रुकवाया, नंदिनी को नीचे उतारा और गाली-गलौज करते हुए उस पर गोली चला दी।
पुलिस ने पहुंचकर स्थिति संभाली
जब अंकुश ने बचाने की कोशिश की तो आरोपित ने उस पर भी फायरिंग की। मौके पर अफरा-तफरी मच गई और पुलिस ने पहुंचकर स्थिति संभाली। मामले में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की गंभीर धाराओं में अपराध दर्ज किया गया।
सात साल की बच्ची से दुष्कर्म की कोशिश के दोषी को पांच साल की सजा
एकादश अपर सत्र न्यायाधीश एवं विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट, ग्वालियर तरुण सिंह की अदालत ने सात वर्षीय मासूम से लैंगिक छेड़छाड़ के मामले में आरोपित को दोषी ठहराया। कोर्ट ने दोषी को पांच वर्ष के सश्रम कारावास और 10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
अर्थदंड न भरने पर छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। यह मामला थाना हजीरा में दर्ज है। घटना पांच सितंबर 2025 की शाम करीब 7:30 बजे की है, जब सात वर्षीय बच्ची अपने छोटे भाई के साथ पड़ोसी के घर खेल रही थी।
आरोप है कि पड़ोसी ने लाइट बंद कर बच्ची को कमरे में ले जाकर उसके साथ अश्लील हरकत की और किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी। बच्ची की मां ने थाना हजीरा में रिपोर्ट दर्ज कराई।
रेड माउंटेन स्पा के फरार संचालक को नहीं मिली अग्रिम जमानत
रेड माउंटेन स्पा सेंटर में देह व्यापार के मामले में फरार आरोपित विवेक तोमर उर्फ दीपक को कोर्ट से फिर राहत नहीं मिली। षष्ठम अपर सत्र न्यायाधीश विवेक कुमार की अदालत ने उसकी दूसरी अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी।
यह मामला महिला थाना पड़ाव में दर्ज है, जिसमें अनैतिक देह व्यापार अधिनियम की धाराओं के तहत केस दर्ज है। आठ जून 2025 को पुलिस ने सिल्वर स्टेट के पास स्थित रेड माउंटेन स्पा सेंटर, गोविंदपुरी में छापा मारा था। मौके से दो युवक अमित सिंह और सूरज चावड़िया और पांच युवतियां आपत्तिजनक हालत में मिलीं।
काउंटर पर मौजूद विक्रम शर्मा ने बताया कि वह विवेक तोमर और भानु भदौरिया के कहने पर ग्राहकों की व्यवस्था करता था। विवेक तोमर फिलहाल फरार है और उसके खिलाफ पूरक आरोप पत्र कोर्ट में पेश किया जा चुका है।
कोर्ट ने माना कि पहले भी उसकी जमानत याचिका खारिज हो चुकी है और अब कोई नई परिस्थिति नहीं है। फरार आरोपित को अग्रिम जमानत देना उचित नहीं है। इसी आधार पर दूसरी अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी।
