इंदौर के प्रसिद्ध खजराना गणेश मंदिर के गर्भगृह में प्रवेश कर पूजा करने वाला गुंडा सतीश भाऊ बुधवार को खजराना थाने में पेश हुआ। वह अपने वकील के साथ आया था। मंदिर के गर्भगृह में प्रवेश प्रतिबंधित है, लेकिन उसने अपने साथियों के साथ वहां जाकर पूजा की थी। इसका वीडियो सामने आने के बाद मामला चर्चा में आया और सतीश व उसकी पत्नी के खिलाफ केस दर्ज हुआ था।
प्रवेश का मुद्दा गरमाने के बाद कलेक्टर शिवम वर्मा ने मंदिर प्रबंधन की सुरक्षा एजेंसी पर जुर्माना लगाया था। इसके अलावा ड्यूटी पर तैनात गार्ड को सेवा से मुक्त कर दिया गया था।सतीश भाऊ शिवाजी जयंती कार्यक्रम का पहला निमंत्रण पत्र भगवान श्री गणेश को अर्पित करने पहुंचा था। इस दौरान मंदिर के कुछ पुजारियों ने उसका स्वागत वीवीआईपी की तरह किया। उसे गर्भगृह के भीतर ले जाकर विशेष पूजा करवाई गई।इस घटना के बाद सुरक्षा एजेंसी पर 21 हजार रुपये का आर्थिक दंड भी लगाया गया है।
खजराना पुलिस ने सतीश भाऊ के अलावा उसकी पत्नी नीलम पंवार और आकाश रावत के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता बीएनसी की धारा 223 (ए) के तहत केस दर्ज किया है। केस दर्ज होने के बाद पुलिस ने उसकी तलाश में छापे मारे थे, लेकिन वह भूमिगत हो गया था। उसका मोबाइल फोन भी बंद मिल रहा था।
आपको बता दें कि सतीश भाऊ इंदौर के चर्चित विष्णु उस्ताद हत्याकांड का आरोपी है। इसके अलावा उस पर हत्या के प्रयास, धमकाने और मारपीट के कई मामले दर्ज हैं।
