मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल स्थित भारत भवन के 44वें स्थापना दिवस पर गुरुवार को 10 दिवसीय सांस्कृतिक समारोह की शुरुआत हुई। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। समारोह 22 फरवरी तक चलेगा, जिसमें देश-प्रदेश के ख्यात कलाकार और साहित्यकार भाग ले रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत भवन केवल एक भवन नहीं, बल्कि कला, सृजन और संवाद का जीवंत केंद्र है। यह संस्थान वर्षों से कलाकारों को मंच देने और नई प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने का काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि कला समाज को जोड़ने का माध्यम है और इससे आपसी सौहार्द व सकारात्मक सोच को बढ़ावा मिलता है।
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समारोह में पद्म विभूषण से सम्मानित प्रसिद्ध बांसुरी वादक पं. हरिप्रसाद चौरसिया और पद्मश्री से सम्मानित कलाकार भूरी बाई का सम्मान किया गया। मुख्यमंत्री ने दोनों कलाकारों को शॉल और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ कलाकारों की उपस्थिति से आयोजन की गरिमा और बढ़ जाती है। कार्यक्रम में कला, साहित्य, संगीत और रंगमंच से जुड़े अनेक कलाकार मौजूद रहे। समारोह के दौरान शास्त्रीय और लोक संगीत की प्रस्तुतियां, नाट्य मंचन, कला प्रदर्शनी, कविता-पाठ, फिल्म प्रदर्शन और विचार गोष्ठियां आयोजित की जाएंगी। युवा कलाकारों को भी अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर दिया जाएगा।
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अपर मुख्य सचिव संस्कृति शिवशेखर शुक्ला ने कहा कि भारत भवन भोपाल की सांस्कृतिक पहचान का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसकी स्थापना 13 फरवरी 1982 को हुई थी और तब से यह कला और संस्कृति के संरक्षण में अहम भूमिका निभा रहा है। समारोह में बड़ी संख्या में कला प्रेमियों की उपस्थिति रही। आयोजन का उद्देश्य समाज के विभिन्न वर्गों को कला और संस्कृति से जोड़ना तथा प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत को आगे बढ़ाना है।