बाणगंगा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले बाणेश्वरी कुंड के पास स्थित डागर मोहल्ले में सनसनीखेज चोरी का मामला सामने आया है। यहां रहने वाले एक दंपति जब वैष्णोदेवी की धार्मिक यात्रा से वापस लौटे तो उनके होश उड़ गए। चोरों ने उनके बंद घर को निशाना बनाते हुए लाखों रुपये के जेवर और बड़ी मात्रा में नकदी पर हाथ साफ कर दिया है।
वैष्णोदेवी यात्रा के दौरान वारदात
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार मकान मालिक विनोद यादव और उनकी पत्नी मनीषा यादव पिछले कुछ दिनों से वैष्णोदेवी यात्रा पर गए हुए थे। इस दौरान उनका घर पूरी तरह से सूना था। सोमवार को जब यह दंपति इंदौर वापस पहुंचा और अपने घर का दरवाजा खोला तो उन्हें अंदर का सारा सामान अस्त-व्यस्त मिला। अलमारियों के ताले टूटे हुए थे और कीमती सामान गायब था।
जेवरात और नकदी पर हाथ साफ
पीड़ित परिवार ने जब घर के भीतर कीमती सामान की पड़ताल की तो पाया कि अलमारी में रखे लगभग 25 लाख रुपये मूल्य के सोने के आभूषण गायब थे। इतना ही नहीं चोरों ने वहां रखी 35 लाख रुपये की भारी-भरकम नकदी भी पार कर दी थी। कुल मिलाकर इस चोरी की वारदात में करीब 60 लाख रुपये से अधिक का नुकसान होने का अनुमान लगाया जा रहा है।
प्लॉट की बिक्री से आए थे पैसे
बताया जा रहा है कि विनोद यादव का रामनगर क्षेत्र में एक प्लॉट था जिसे उन्होंने हाल ही में बेचा था। इस सौदे के एवज में उन्हें 35 लाख रुपये नकद प्राप्त हुए थे। दंपति ने यह राशि किसी अन्य संपत्ति में निवेश करने के उद्देश्य से घर की अलमारी में सुरक्षित रखी थी। संभवतः चोरों को इस मोटी नकदी की जानकारी पहले से थी जिसके कारण उन्होंने इसी घर को अपना निशाना बनाया।
सीसीटीवी फुटेज पर टिकी जांच
घटना की सूचना मिलते ही बाणगंगा थाना पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई शुरू की। पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और स्थानीय मुखबिरों को भी सक्रिय कर दिया गया है। अधिकारियों का कहना है कि मामले में कुछ संदिग्धों के इनपुट मिले हैं और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
