ग्वालियर के पहाड़िया इलाके में जब स्वास्थ्य विभाग की टीम ने छापा मारा तो वहां 8वीं और 12वीं पास लोग लोगों का इलाज करते हुए मिले। टीम ने इलाके में पां …और पढ़ें

नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने शनिवार को छापामार कार्रवाई के दौरान मोहना और गोल पहाड़िया क्षेत्र में नियमों के विपरीत संचालित हो रहे पांच क्लीनिकों को सील कर दिया। इन क्लीनिकों में अयोग्य लोगों द्वारा मरीजों का एलोपैथिक पद्धति से इलाज किया जा रहा था, जो मरीजों की सेहत के लिए गंभीर खतरा बन सकता था। मरीजों की सेहत से खेल रहे यह लोग महज आठवीं और 12वीं पास निकले।
जांच में सामने आया कि किसी भी क्लीनिक का सीएमएचओ कार्यालय में अनिवार्य पंजीयन नहीं कराया गया था। सीएमएचओ डॉ. सचिन श्रीवास्तव ने बताया कि सील किए गए पांचों क्लीनिकों के संचालकों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। कार्रवाई दल में डा. उमेश मौर्य, शाखा प्रभारी पुरेंद्र सिंह राजपूत शामिल थे। सीएमएचओ ने कहा कि जिले में अयोग्य और अपंजीकृत क्लीनिकों के खिलाफ आगे भी अभियान जारी रहेगा।
निरीक्षण में यह तथ्य मिले
- मां शीतला क्लीनिक, मोहना के संचालक कौशिक बंगाली केवल 12वीं पास था, इसके बावजूद एलोपैथिक पद्धति से इलाज कर रहा था।
- शुभम क्लीनिक मोहना में आरएमपी द्वारा नियम विरुद्ध एलोपैथिक इलाज किया जा रहा था। यह क्लीनिक बीज भंडार की दुकान में संचालित हो रही थी।
- राजू पाल आरएमपी था और मोहना में एलोपैथिक इलाज कर रहा था।
- धाकड़ क्लीनिक मोहना का संचालक विवेक धाकड़ भी आरएमपी होते हुए एलोपैथिक पद्धति से मरीजों का इलाज कर रहा था।
- कुशवाहा क्लीनिक गोल पहाड़िया का संचालक रघुवीर कुशवाह आठवीं पास था। इसके क्लीनिक से स्टेराइड दवाएं, मोटा होने की दवाएं और तीन पलंग बरामद किए गए। यहां मरीजों को अवैध तरीके भर्ती कर इलाज किए जाने की आशंका टीम ने जताई।
