शिलांग ले जाकर अपने पति की हत्या करने वाली सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द करने को लेकर हाईकोर्ट में लगी याचिका पर बुधवार को सुनवाई हुई, लेकिन अभी इस मामले में फैसला नहीं हुआ है। अगली सुनवाई पर कोर्ट निर्णय सुना सकती है। मेघालय सरकार की तरफ से इस मामले में अपने तर्क प्रस्तुत कर सोनम की जमानत रद्द करने की मांग कोर्ट से की जा चुकी है।
सरकार के वकील ने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि इस हत्याकांड की सोनम मुख्य आरोपी है। योजना बनाने से लेकर वह मौके पर मौजूद थी। अपना अपराध वह कबूल भी कर चुकी है। सिर्फ प्रकरण दर्ज करते समय हुई टाइपिंग की गलती की वजह से उसे जमानत नहीं दी जा सकती है।
बुधवार को सोनम के वकील ने अपनी दलील पेश की और कोर्ट से समय लिया। अब अगली सुनवाई पर जमानत पर फैसला लिया जाएगा। जमानत होने के बाद सोनम शिलांग में ही रह रही है। कोर्ट ने उसे शिलांग छोड़कर जाने की इजाजत नहीं दी है।
उधर, राजा रघुवंशी हत्याकांड को लेकर दो दिन पहले राजा के भाई विपिन का वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बयान हुआ। विपिन ने सोनम और राज को मकान किराए पर देने वाले लोकेंद्र सिंह तोमर को केस से बरी किए जाने पर सवाल उठाए। विपिन का कहना था कि लोकेंद्र के खिलाफ अतिरिक्त चालान पुलिस को पेश करना चाहिए था। सोनम के बारे में लोकेंद्र को पुलिस को जानकारी देनी चाहिए थी।आपको बता दें कि पिछले साल शिलांग में सोनम ने अपने प्रेमी राज के साथ षड़यंत्र रचकर उसके तीन दोस्तों के साथ राजा रघुवंशी की हत्या कर लाश खाई में फेंक दी थी।
