मुख्यमंत्री  मोहन यादव ने पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण विभाग की समीक्षा बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिए कि पात्र हितग्राहियों को स्वरोजगार योजनाओं का लाभ समय पर मिले। उन्होंने कहा कि विभाग सिर्फ आवेदन प्रक्रिया तक सीमित न रहे, बल्कि लाभार्थियों को बैंक से ऋण और सब्सिडी दिलाने में भी सक्रिय सहयोग करे। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछड़ा वर्ग और अल्पसंख्यक विद्यार्थियों को मिलने वाली छात्रवृत्तियां उसी शैक्षणिक वर्ष में निर्धारित समय सीमा के भीतर वितरित की जाएं। इसके लिए संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी प्रक्रियाओं का उद्देश्य पात्र लोगों को सरल, सुलभ और समयबद्ध तरीके से लाभ पहुंचाना होना चाहिए तथा तकनीकी या प्रशासनिक बाधाओं का तत्काल समाधान किया जाए।

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वक्प संपत्तियों की जानकारी पोर्टल पर अनिवार्य रूप से दर्ज करें 

बैठक में मुख्यमंत्री ने वक्फ संपत्तियों की जानकारी केंद्र सरकार के ‘उम्मीद पोर्टल’ पर अनिवार्य रूप से दर्ज करने और उनसे जुड़े भूमि विवादों के त्वरित समाधान के निर्देश भी दिए। अधिकारियों ने बताया कि वक्फ संपत्तियों की ऑनलाइन एंट्री के मामले में मध्यप्रदेश देश में पहले स्थान पर है। मुख्यमंत्री ने विभाग की लंबित घोषणाओं और प्रकरणों का समयबद्ध निराकरण करने के निर्देश देते हुए कहा कि सभी योजनाओं के भौतिक एवं वित्तीय लक्ष्यों की नियमित समीक्षा की जाए। बैठक में जानकारी दी गई कि विभागीय योजनाओं की जानकारी लाभार्थियों तक पहुंचाने के लिए एक वर्चुअल वॉयस असिस्टेंस टूल विकसित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने इसे एमपी ई-सेवा पोर्टल से जोड़ने के निर्देश दिए। 

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एपीजे कलाम के नाम पर स्पेस सेंटर स्थापित किया जाएगा 

बैठक में यह भी बताया गया कि केंद्र सरकार के सहयोग से प्रदेश में डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम सिमुलेटरी स्पेस सेंटर स्थापित किया जाएगा। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों और नागरिकों में वैज्ञानिक सोच तथा अंतरिक्ष विज्ञान के प्रति रुचि विकसित करना है। अधिकारियों ने बताया कि शौर्य संकल्प प्रशिक्षण योजना के तहत 20 जिलों में 12वीं पास युवाओं को सेना, पुलिस, होमगार्ड और अन्य सुरक्षा बलों की भर्ती के लिए प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिसमें 4 हजार युवा शामिल हैं। वहीं, दिल्ली छात्रगृह योजना के तहत छात्रवृत्ति राशि 1,550 रुपये से बढ़ाकर 10 हजार रुपये कर दी गई है तथा लाभार्थियों की संख्या 50 से बढ़ाकर 300 कर दी गई है। प्रदेश के ओबीसी छात्रावासों में पहली बार मेस सुविधा शुरू किए जाने और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए सरदार पटेल कोचिंग प्रशिक्षण योजना के विस्तार की भी जानकारी दी गई।

 



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