सीएम डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में बुधवार को मंत्रालय में हुई कैबिनेट की बैठक में प्रदेश के विकास, किसानों, कर्मचारियों, महिलाओं, श्रमिकों और बुजुर्गों से जुड़े कई बड़े फैसले लिए गए। कैबिनेट ने कुल 30 हजार 55 करोड़ रुपये से अधिक की योजनाओं और कार्यक्रमों को मंजूरी दी। कैबिनेट ने किसानों के हित में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के लिए 11 हजार 608 करोड़ रुपये से अधिक की राशि मंजूर की। यह योजना अगले पांच वर्षों तक जारी रहेगी। सरकार ने यह भी तय किया है कि पात्र किसानों को हर मौसम में न्यूनतम 1000 रुपये का दावा भुगतान सुनिश्चित किया जाएगा। वृद्धजनों, विधवा महिलाओं और दिव्यांगजनों की पेंशन योजनाओं के लिए 15 हजार 184 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है। पात्र हितग्राहियों को प्रतिमाह 600 रुपये पेंशन मिलती रहेगी।
ये भी पढ़ें- MP Transfer Policy 2026: मोहन सरकार ने दी तबादला नीति को मंजूरी,1 जून से 15 जून तक होंगे स्थानांतरण
सिवनी की बंडोल और देवास की नेमावर समूह जल प्रदाय योजनाओं के लिए 593 करोड़ रुपये से अधिक की संशोधित प्रशासनिक मंजूरी दी गई। इन योजनाओं से कई गांवों और नई बसाहटों को पेयजल सुविधा से जोड़ा जाएगा। महिला एवं बाल सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं के लिए 156 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं। इसमें चाइल्ड हेल्पलाइन-1098, पॉक्सो पीड़ित सहायता योजना और शौर्य दल योजना शामिल हैं। नए जिलों और रेलवे स्टेशनों पर हेल्प डेस्क भी शुरू किए जाएंगे।
ये भी पढ़ें- Twisha Sharma Case: ट्विशा शर्मा के परिवार को अदालत से लगा झटका, दोबारा पोस्टमार्टम करने की मांग खारिज
लोक सेवा गारंटी अधिनियम के संचालन के लिए 360 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है। इसके तहत प्रदेश में लोक सेवा केंद्र, सीएम हेल्पलाइन और ऑनलाइन सेवाओं को मजबूत किया जाएगा। वर्तमान में प्रदेश में 733 सेवाएं अधिसूचित हैं, जिनमें से 637 सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध हैं। कैबिनेट ने श्रमिक कल्याण योजनाओं के लिए 1779 करोड़ रुपये मंजूर किए। इसके अलावा अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान के संचालन और शोध कार्यों के लिए 373 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई।