भोपाल हिंदू उत्सव समिति ने सामाजिक जागरूकता बढ़ाने और तथाकथित लव-जिहाद की घटनाओं को रोकने के उद्देश्य से वार्ड और मोहल्ला स्तर पर महिला-आधारित नेटवर्क खड़ा करने की घोषणा की है। संगठन ने इसे अपने कार्यक्षेत्र का विस्तार बताते हुए कहा है कि अब भूमिका केवल धार्मिक आयोजनों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि समाज और परिवार की सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर भी सक्रिय हस्तक्षेप किया जाएगा। सोमवार को इसकी शुररुआत की गई है। समिति अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी के अनुसार, संगठन हर वार्ड और मोहल्ले में युवक-युवतियों की संयुक्त टीमें गठित करेगा, जिनमें महिलाओं की भूमिका प्रमुख होगी। ये टीमें घर-घर जाकर संवाद करेंगी और परिवारों, खासकर महिलाओं और युवतियों से सतर्कता व सामाजिक जागरूकता से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करेंगी।
पहले दिन एक हजार लोगों ने ली सदस्यता
हिंदू उत्सव समिति के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी ने बताया कि आज दुर्गा मंदिर पटेल नगर भारत टॉकीज पर लव जेहाद की घटनाओं को रोकने के उद्देश्य सनातन धर्म को एक करने के उद्देश्य से साधु संतों की अगुवाई में पूजन अर्चन के पश्चात सनातनी सदस्यता अभियान प्रारंभ किया गया। सभी माता बहनों ने इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया एवं आज लगभग 1000 लोगों ने हिंदू समिति की सदस्यता ग्रहण की है।
मोहल्ला स्तर पर टीम मॉडल
समिति ने अभियान के लिए क्षेत्र आधारित कार्यप्रणाली तय की है। वार्डों को छोटे-छोटे मोहल्लों और बस्तियों में बांटकर अलग-अलग टीमें बनाई जाएंगी। प्रत्येक टीम अपने क्षेत्र में नियमित संपर्क और संवाद करेगी। संगठन का मानना है कि स्थानीय स्तर पर निरंतर संपर्क से अभियान अधिक प्रभावी होगा।
महिला सदस्यता बढ़ाने पर जोर
हिंदू उत्सव समिति ने एक साल में एक लाख सदस्य जोड़ने का लक्ष्य रखा है, जिसमें 35 से 40 प्रतिशत महिलाएं और 18 वर्ष से अधिक आयु की युवतियां शामिल होंगी। संगठन का कहना है कि महिलाओं की सक्रिय भागीदारी से सामाजिक संवाद को मजबूती मिलेगी और संवेदनशील मुद्दों पर जागरूकता बढ़ेगी।
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आत्मरक्षा प्रशिक्षण की तैयारी
अभियान के अगले चरण में महिलाओं के लिए आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करने की योजना है। समिति के अनुसार, जूडो-कराते, दंड अभ्यास और मलखंब जैसी शारीरिक गतिविधियों का प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण के लिए सेवानिवृत्त सुरक्षाकर्मी और मार्शल आर्ट प्रशिक्षकों की सेवाएं ली जाएंगी। संगठन का दावा है कि इससे महिलाएं आत्मनिर्भर बनेंगी और आपात स्थितियों से निपटने में सक्षम होंगी।
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सदस्यता अभियान तय समय-सारिणी में
समिति ने बताया कि सदस्यता अभियान हर महीने तय तारीखों में चलाया जाएगा। पहले चरण में प्रबुद्ध नागरिकों और सामाजिक रूप से सक्रिय लोगों से संवाद किया जाएगा, इसके बाद मोहल्ला स्तर पर टीमें भेजी जाएंगी। समिति का कहना है कि यह पहल केवल सदस्यता अभियान नहीं, बल्कि महिलाओं की जागरूकता, आत्मविश्वास और सामाजिक भागीदारी बढ़ाने की दीर्घकालिक योजना का हिस्सा है।
