ग्वालियर में ई-जीरो एफआइआर व्यवस्था लागू होने के बाद साइबर ठगी के मामलों में तेजी आई है। …और पढ़ें

HighLights
- तीन माह में 71 साइबर एफआईआर दर्ज
- 1930 नंबर पर तुरंत दर्ज हो रही शिकायत
- कोतवाली और क्राइम ब्रांच रिकवरी में आगे
अमित मिश्रा, नईदुनिया ग्वालियर: साइबर अपराधियों के बढ़ते नए तरीकों के बीच ग्वालियर में ई-जीरो FIR व्यवस्था पीड़ितों के लिए बड़ी राहत बनकर उभरी है। अब साइबर ठगी के शिकार लोगों को थानों, राज्य साइबर सेल या क्राइम ब्रांच के चक्कर नहीं लगाने पड़ रहे हैं। एक फोन कॉल के जरिए ही मुकदमा दर्ज किया जा रहा है, जिससे न केवल एफआईआर की संख्या बढ़ी है, बल्कि ठगी गई रकम की रिकवरी भी पहले से बेहतर हुई है।
तीन महीने में रिकॉर्ड एफआईआर दर्ज
आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2025 में ग्वालियर में साइबर ठगी के कुल 28 मामले दर्ज हुए थे, जिनमें 21 क्राइम ब्रांच और सात अन्य थानों में दर्ज किए गए थे। वहीं, 25 दिसंबर 2025 को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा ई-जीरो एफआइआर व्यवस्था लागू किए जाने के बाद मार्च तक 71 एफआईआर दर्ज हो चुकी हैं। इनमें से 17 मामले अभी लंबित हैं, जिन्हें मूल एफआईआर में बदलने के लिए फरियादियों को थाने बुलाया गया है।
रिकवरी में कोतवाली और क्राइम ब्रांच आगे
ई-जीरो एफआइआर लागू होने के बाद कोतवाली थाना और क्राइम ब्रांच रिकवरी के मामले में आगे हैं। कोतवाली थाने में 72.50 लाख रुपये की ठगी दर्ज हुई, जिसमें से 60 लाख रुपये फ्रीज कराए गए। अब तक 12.50 लाख रुपये पीड़ितों को वापस मिल चुके हैं, जबकि 38 लाख रुपये लौटाने का कोर्ट आदेश जारी हो चुका है।
वहीं, क्राइम ब्रांच ने अलग-अलग मामलों में 11 आरोपितों को गिरफ्तार किया है और 50 हजार रुपये की रिकवरी भी की है।
पहले सीमित मामलों में होती थी कार्रवाई
ई-जीरो एफआइआर लागू होने से पहले केवल बड़े मामलों में ही एफआईआर दर्ज होती थी, क्योंकि सभी केस क्राइम ब्रांच में दर्ज होते थे और स्टाफ सीमित था। अब सभी थानों में एफआईआर दर्ज होने से कार्य का विभाजन हो गया है और प्रक्रिया आसान हो गई है।
ठगी होते ही तुरंत करें शिकायत
साइबर ठगी का शिकार होने पर तुरंत 1930 हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करना चाहिए, जिससे ई-जीरो एफआईआर दर्ज हो जाती है। इसके अलावा, नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज की जा सकती है।
नई व्यवस्था से साइबर अपराधों पर नियंत्रण और पीड़ितों को त्वरित न्याय मिलने की दिशा में बड़ा बदलाव देखा जा रहा है।
ई-जीरो FIR अब तक 71 दर्ज हो चुकी हैं। अब लोगों को परेशान नहीं होना पड़ रहा। रिकवरी भी होने लगी है, जो पहले निल होती थी।
-धर्मवीर सिंह एसएसपी
