ग्वालियर के दीनदयाल नगर से गौरव यादव को अगवा कर कार में डालकर ले जाने और निर्वस्त्र कर पीटने के मामले में पुलिस ने चार गुंडों को पकड़ लिया है। सरगना ह …और पढ़ें

HighLights
- गवाही देने से रोकने पर युवक को निर्वस्त्र कर पीटने वाले चार गुंडे पकड़े
- सरगना हेमू, उसका भाई दिन्नू और गुंडा विजय पंडित अब भी फरार
- सरगना के न पकड़े जाने से फरियादी अब भी बुरी तरह डरा हुआ है
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। दीनदयाल नगर से गौरव यादव को अगवा कर कार में डालकर ले जाने और निर्वस्त्र कर पीटने के मामले में पुलिस ने चार गुंडों को पकड़ लिया है। सरगना हेमू सिकरवार, उसका भाई दिन्नू सिकरवार और गुंडा विजय पंडित अब भी फरार हैं। पुलिस इन्हें नहीं पकड़ सकी है। जबकि असली चुनौती यही तीनों हैं। इन तीनों के न पकड़े जाने से फरियादी अब भी डरा हुआ है। हेमू सिकरवार, दिन्नू सिकरवार और गुंडे बंटी भदौरिया के बीच सात साल से अदावत चल रही है।
शराब तस्करी और क्षेत्र में वर्चस्व को लेकर यह दोनों गैंग लंबे समय से आमने-सामने हैं। इसी के चलते बंटी भदौरिया पर हेमू, दिन्नू और इनकी गैंग ने कांचमिल में फायरिंग की थी। यह घटना दो साल पहले की है। इसके बाद बंटी ने पिछले साल जून में हेमू के भाई भोला उर्फ हेमराज सिकरवार को गोलियों से भूनकर हत्या कर डाली थी। बंटी भदौरिया जिस मामले में फरियादी है, उसमें गौरव यादव मुख्य गवाह है। अब इसमें अंतिम गवाही होने वाली है। इसके बाद कोर्ट द्वारा फैसला सुनाया जाएगा।
इसी के चलते हेमू सिकरवार गैंग गौरव को लगातार गवाही देने से रोक रही थी। होली से पहले गवाही हुई थी। अप्रैल में इस मामले में गवाही है। इसी के चलते गौरव बीते रोज जब दीनदयाल नगर में मन्नत होटल पर बैठा था। तभी हेमू सिकरवार, दिन्नू सिकरवार, शिवम तोमर, राजवीर चौहान, विजय पंडित व दो अन्य गुंडे आए। इन चारों ने उसे होटल से अगवा किया। कार में डालकर जड़ेरुआ बांध की तरफ ले गए। इसके बाद निर्वस्त्र कर उसे दो घंटे तक पीटा। इसके बाद शिवम ने गोली चला दी।
गनीमत रही कि गौरव नीचे झुक गया। अगर नीचे नहीं झुकता तो गोली सिर में लगती। फिर उसे प्रीतम विहार कालोनी में सड़क पर फेंककर भाग गए थे। देर रात पुलिस ने एफआइआर दर्ज कर आरोपितों की तलाश शुरू कर दी थी। घटना के 24 घंटे के भीतर पुलिस ने शिवम तोमर, राजवीर चौहान, अभिषेक राजावत, युवराज उर्फ पन्ना को पकड़ लिया है। हेमू, दिन्नू और विजय पंडित अब भी फरार हैं। फरियादी का कहना है- असली खतरा इन्हीं से है।
पीठ और पेट पर बेल्ट के निशान
फरियादी की पीठ, पेट और अन्य हिस्सों पर बेल्ट के निशान हैं। सिर में डंडा भी मारा था।
हजीरा में तनाव, पुलिस की चिंता में, एसएसपी ने ली बैठक
हजीरा में इस घटना के बाद एक बार फिर तनाव हो गया है। पुलिस भी चिंता में पड़ गई है। इस घटना के बाद मंगलवार शाम को एसएसपी धर्मवीर सिंह ने पुलिस अधिकारियों की बैठक ली। उन्हें निर्देश दिया कि इस घटना में दोनों गैंग के एक-एक सदस्य पर निगाह रखी जाए, जिससे इस तरह की घटना दोबारा न हो।
गवाही देने से रोकने पर युवक को पीटने और गोली चलाने वाले चार आरोपित पकड़े गए हैं। जो आरोपित फरार हैं, उन्हें भी पकड़ लिया जाएगा- यशवंत गोयल, थाना प्रभारी, महाराजपुरा।
